सरयू के झिंगहाघाट तट पर की सफाई
विश्व पर्यावरण दिवस पर किया पौधरोपण
बहराइच। सरयू बचाव संघर्ष समिति के आह्वान पर विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर सरयू सफाई के दूसरे चरण में सरयू नदी के झिंगहाघाट तट पर जलकुंभी व सेवार की सफाई की गई।
समिति के अध्यक्ष राकेश चंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि सरयू नदी नाले में तब्दील हो गई है तथा नगर से चार किमी दूर सोहरवा में नहर बनाकर उसे नदी में जोड़ा गया था। दो सरकारी ट्यूबवेल लगाकर नहर को भरकर पानी सरयू नदी में डालने की व्यवस्था की गई थी, लेकिन आज नहर सुखी हुई है तथा सरकारी ट्यूबवेल पर अराजक लोगों को कब्जा है। शहर का गंदा पानी सरयू नदी में गिराया जा रहा है, जिससे नदी का पानी जहरीला हो गया है। चीनी मिल का शीरा आने से पानी कसैला हो गया है। जिससे जलीय जीव जंतु मर रहे है। विधायक प्रतिनिधि निशंक त्रिपाठी ने अभियान की शुरुआत करते हुए कहा कि समिति के प्रयासों से जल्द ही नदी की धारा को अविरल बना लिया जाएगा। यह एक सराहनीय कदम है। इस अवसर पर समिति के पदाधिकारियों एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा पौधरोपण भी किया गया। इस मौके पर कमल बहादुर सिंह, राम सेवक यादव, महामंत्री पारसनाथ यादव, मोहम्मद सलीम, उपाध्यक्ष ईशान मिश्र, मनीष रस्तोगी, राजन सिंह, कोषाध्यक्ष अजय शुक्ला, कार्य प्रभारी मुरारी लाल भारद्वाज, स्वामी साधनानंद सरस्वती आदि मौजूद रहे।