बागपत में युवक फरीद की मौत के मामले में जेल जाने से पूर्व आरोपियों ने खुलासा किया है कि रफीक नाम के युवक ने अपने कई साथियों के साथ मिलकर मकान में खाना खा रहे कांस्टेबल रघुवीर पर हमला किया था। उस पर पथराव भी किया था। इतना ही नहीं आरोपियों ने वहां पर गोलियां भी चलाई थी।
पकड़े गए आरोपी सोनू ने बताया कि बुधवार की रात करीब नौ बजे वह, कांस्टेबल जितेंद्र और युवक हितेश के साथ यमुना रोड पर स्थित विजय के मकान के बाहर खड़ा हुआ था। तभी यमुना रोड का ही रहने वाला युवक रफीक कई लोगों के साथ वहां पहुंचा। आरोपी हाथों में तमंचे, छुरे, लाठी-डंडे, ईंट, पत्थर लिए हुए थे। इनमें कई अपराधी भी थे। आते ही आरोपियों ने गाली देते हुए पूछा कि कांस्टेबल रघुवीर कहा है।
उन्होंने कह दिया कि रघुवीर मकान के कमरे में है। उस समय रघुवीर कमरे में खाना खा रहा था। आरोपियों ने कमरे में घुसकर कांस्टेबल रघुवीर पर हमला कर दिया। ईंट लगने से रघुवीर घायल हो गया। इस दौरान वहां पर दो फायर हुए। इससे वहां पर भगदड़ मच गई। बाद में पता चला कि युवक फरीद की मौत हो गई है। उनका इस घटना से कोई लेनादेना नहीं है।
उधर कांस्टेबल जितेंद्र का कहना है कि वह तो मकान के बाहर खड़ा हुआ था। आरोपी मोनू का कहना है कि घटना के समय वह अपने घर पर था। एसपी का कहना है कि जानकारी मिली है कि सिपाही रघुवीर के कमरे में युवक रफीक 40-50 लोगों के साथ गया था। रफीक को थाने लाकर पूछताछ की जाएगी।