क्षेत्र में वन माफिया, वन अफसरों और पुलिस प्रशासन की मिलीभगत से हो रहे अवैध कटान को लेकर शनिवार को जिवाना गांव के ग्रामीणों ने गांव में एकत्रित होकर प्रदर्शन किया। इस दौरान ग्रामीणों ने रमाला पुलिस द्वारा वन माफिया के खिलाफ मुकदमा दर्ज न करने पर आक्रोश जताया और एसपी से मिलने का निर्णय लिया।
शनिवार को ग्रामीण वीरेंद्र सिंह के नेतृत्व मेें गांव में एकत्र हुए और समस्या को लेकर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने कहा वन अफसरों, वन माफिया और रमाला पुलिस की मिलीभगत से क्षेत्र के जंगल मेें धड़ल्ले से अवैध कटान हो रहा है, इससे वन विभाग को लाखों रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने बताया जहां गत दिनों सूप गांव के जंगल मेें अवैध कटान हो गया था, वहीं दो दिन पहले वन माफिया ने मिलीभगत कर गांव निवासी सुरेंद्र पुत्र प्रदूमन के आधा दर्जन आम के पेड़ काट डाले। शिकायत के बावजूद न तो वन विभाग के अधिकारी इस ओर ध्यान दे रहे हैं और न ही रमाला पुलिस मुकदमा दर्ज कर रही है।
इसके बाद संजीव की अध्यक्षता और राजीव के संचालन में हुई बैठक में शीघ्र ही एसपी से मिलने का निर्णय लिया। इसमें वीरेंद्र, आदेश कुमार, सचिन कुमार, रोहताश कुमार, प्रवीण, रामेंद्र, सुखवीर सिंह, भोपाल सिंह, महिपाल, नितिन आदि रहे।