संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। चंद्र ग्रहण पर मंगलवार सुबह आठ बजे मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए। शाम को ग्रहण पूर्ण होने के बाद साढ़े छह बजे कपाट खोले गए। इसके बाद सफाई आदि करके लोगों ने पूजन किया तथा प्रसाद वितरित किया।
चंद्र ग्रहण शाम पांच बजकर 30 मिनट से शुरू होकर शाम छह बजकर 20 मिनट तक रहा। चंद्र ग्रहण होने के कारण सुबह आठ बजकर 29 मिनट पर सूतक लगने से मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए। शाम को चंद्र ग्रहण खत्म होने पर छह बजकर 20 मिनट के बाद मंदिरों के कपाट खोले गए और पूजा-अर्चना शुरू हुई। बागपत जानकी दास मंदिर के पुजारी सुबोध शास्त्री ने बताया कि चंद्र ग्रहण के कारण मंगलवार को साढ़े आठ बजे मंदिर के कपाट बंद कर दिए और शाम को ग्रहण पूर्ण होने के बाद खोले गए। ग्रहण पूर्ण होने के बाद स्नान करने के बाद मंदिर में सफाई उपरांत पूजा-अर्चना शुरू हुई। ग्रहण के बाद लोगों ने मंदिर में भगवान की पूजा अर्चना कर प्रसाद वितरित किया।