दोघट। निरपुड़ा गांव निवासी निश्चय राणा ने शिकायत करते हुए बताया कि उसकी बाइक एक अगस्त को हादसे में क्षतिग्रस्त हो गई थी। जिसके बाद उसने कंपनी के कस्टमर केयर नंबर पर फोन कर क्लेम के लिए फाइल बनवाई।
आरोप लगाया कि इसके बाद बीमा कंपनी का सर्वेयर उनसे मिला। जिनसे क्लेम स्वीकृत कराने के लिए दस हजार रुपये रिश्वत देने की मांग की। जिसके बदले उससे पांच हजार रुपये नकद वसूलकर बीमा स्वीकृत करा दिया गया। आरोप लगाया कि बाकी के पांच हजार रुपये नहीं देने पर उसकी बाइक भी नहीं दी। आरोप लगाया कि कंपनी के उच्चाधिकारियों से शिकायत करने पर उसे फोन पर धमकी दी गई। उसने सर्वेयर के खिलाफ कार्रवाई कराने की मांग की। संवाद