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अचानक बनी पार्टी की योजना, खींच ले गई मौत

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बागपत यमुना हादसा ::::::::: यमुना में युवकों के डूबने के बाद विलाप करती महिला। - फोटो : BAGHPAT
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यमुना नदी तक सुमित और अक्षय को खींच ले गई मौत
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बागपत। पाली गांव से यमुना नदी तक सुमित और अक्षय को मौत खींचकर ले गई। छह दोस्तों का अचानक की पार्टी करने का प्लान बना था। हादसे की जानकारी मिलते ही गांव के सैकड़ों लोग यमुना किनारे पर पहुंच गए थे। परिजनों ने बताया कि किसी को भी उनके यमुना किनारे जाने की जानकारी नहीं थी।
पाली गांव के मजदूर परिवारों से ताल्लुक रखने वाले छह दोस्त सुमित, अक्षय, अखिल, निक्की, सचिन और आजाद कोल्ड ड्रिंक और खाने का सामान लेकर पक्का घाट पर पहुंचे थे। निक्की ने रोते हुए बताया कि पार्टी का कोई पहले से प्लान नहीं था। अचानक ही पार्टी करने का विचार मन में आया और सब यहां आ गए। लौटते समय अक्षय और सुमित नहाने की बात कहने लगे। अन्य दोस्तों ने मना किया, लेकिन वे नहीं माने।
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नदी में नहाते समय समतल जगह पर ही एक गड्ढा था, जिसका उन्हें अंदाजा नहीं था। इसी गड्ढे ने दोनों की जान ले जी। दोनों को डूबते देख किनारे पर खड़े चारों दोस्तों के होश उड़ गए। उन्होंने मदद के लिए शोर मचाया। गांव में फोन किया। दो दोस्त गांव की ओर मदद के लिए दौड़ पड़े। इस बीच पुलिस और गोताखोर भी पहुंच गए और तलाश शुरू कर दी। भाजपा नेता अजय चौहान भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाया। अक्षय और सुमित की मौत के बाद पाली गांव में गम का माहौल है। गांव में चूल्हे नहीं जले हैं। सीओ मंगल सिंह रावत ने बताया कि सोमवार को पोस्टमार्टम होगा।
दवाई लेने निकला था अक्षय
पाली गांव के मजदूर देवेंद्र के घर में चीख पुकार मची थी। चार बहनों का इकलौता भाई अक्षय अब इस दुनिया में नहीं है। सुबह नौ बजे वह बहन की दवाई लेने के लिए घर से निकला था। शाम को सूचना पहुंची कि वह यमुना में नहाते हुए डूब गया है।
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गोताखोरों ने फिर दिखाई हिम्मत
स्थानीय गोताखोरों ने एक बार फिर हिम्मत दिखाई। नगर के गोताखोर इरफान, आजाद और राशिद दौड़े-दौड़े पहुंचे। करीब दो घंटे तक पानी में डूबे युवकों की तलाश की और निकाल लिया।
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