प्लेसमेंट का गिरा ग्राफ, सीटों को भरने में छूट रहे पसीने
सिविल ईपीसी, इलेक्ट्रॉनिक्स व कंप्यूटर साइंस में घटा छात्रों का रुझान
मुकेश पंवार
बड़ौत। पॉलीटेक्निक छात्रों के प्लेसमेंट बढ़ाने के दावे हवा हवाई साबित होते नजर आ रहे हैं। छात्रों के प्रशिक्षण, व्यक्तित्व विकास, साक्षात्कार और समूह परिचर्चा के कार्यक्रमों के बावजूद प्लेसमेंट का ग्राफ और गिर गया है। जिस कारण खाली पड़ी सीटों को भरने में कॉलेज संचालकों व शिक्षकों के पसीना छूट रहा है।
जनपद में एक अनुदानित दिगंबर जैन पॉलीटेक्निक, दो राजकीय कॉलेज किरठल व कोताना के अतिरिक्त 13 प्राइेवट संस्थाएं हैं। जिनमें इस समय लगभग आठ हजार से अधिक छात्र-छात्राएं शिक्षण ग्रहण कर रहे हैं। सितंबर 2019 में प्राविधिक शिक्षा बोर्ड की ओर से उत्तर प्रदेश स्टेट ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट सेल का गठन किया गया। इसका काम अधिक से अधिक छात्रों का नौकरी दिलाना था। पिछले दो-तीन सालों में प्लेसमेंट की कम से छात्रों का रुझान कम हुआ है। संवाद
ये बोले छात्र
सिविल इंजीनियरिंग की छात्रा जूही एवं इलेक्ट्रिकल के छात्र शिवम का कहना है कि सोचा था कि इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर अच्छा रोजगार मिलेगा, लेकिन रोजगार तो दूर उनके पास प्लेसमेंट के लिए कोई नहीं आया। अब घर पर बैठकर ही अन्य नौकरियों की तैयारियों में जुटे हैं।
इलेक्ट्रिकल इंजीनियर के छात्र गौरव चौहान ने बताया कि यदि प्लेसमेंट की ओर प्राविधिक शिक्षा परिषद ध्यान दे तो निश्चित ही छात्रों का पढ़ाई की ओर रुझान बढे़गा। प्लेसमेंट की कमी से ही इंजीनियरिंग की पढ़ाई से छात्रों का मोहभंग हो रहा है। कॉलेज प्रशासन को भी इस ओर अधिक ध्यान देने की जरूरत है।
ये बोले प्रधानाचार्य
़दिगंबर जैन पॉलीटेक्निक कॉलेज के प्रधानाचार्य अजय त्यागी ने बताया कि प्लेसमेंट पर कॉलेज का पूरा फोकस है। कोरोना काल के दौरान विभिन्न कंपनियों को काफी क्षति हुई। इसका कहीं न कहीं प्रभाव प्लेसमेंट पर भी पड़ा है। कॉलेज की ओर से विभिन्न कंपनियों से संपर्क साधा जा रहा है। जिससे अधिक से अधिक बच्चों को प्लेसमेंट मिल सके।
ट्रेड प्लेसमेंट 2020 प्लेसमेंट 2021 प्लेसमेंट 2022
सिविल 40 30 15 फीसदी
इलेक्ट्रिकल 60 50 30 फीसदी
मैकेनिकल 85 75 55 फीसदी
दिगंबर जैन पॉलीटेक्निक कॉलेज में सीटों की संख्या
वर्ष 2019-20 आंवटित सीटें सीटों की भरने की संख्या
सिविल 132 104
इलेक्ट्रिकल 132 122
मैकेनिकल 132 113
सिविल ईपीसी 66 31
इलेक्ट्रॉनिक्स 66 33
कंप्यूटर सांइस 66 29
वर्ष 2021-21 आंवटित सीटे सीटों की भरने की संख्या
सिविल 150 122
इलेक्ट्रिकल 150 133
मैकेनिकल में 150 116
सिविल ईपीसी 75 15
इलेक्ट्रानिक्स 75 14
कंप्यूटर सांइस 75 29
वर्ष 2022-23 आंवटित सीटों की संख्या सीटों की भरने की संख्या
सिविल 150 79
इलेक्ट्रिकल 150 101
मैकेनिकल 150 45
सिविल ईपीसी 75 2
इलेक्ट्रानिक्स 75 6
कंप्यूटर साइंस 75 50