बागपत के सिंघावली अहीर थाने में तैनात एसआई सुखबीर सिंह यादव की हापुड़-मोदीनगर मार्ग पर गोली मारकर हत्या कर दी। एक केस की विवेचना में वह मेरठ गए थे। गोली लगने के बाद भी काफी दूर तक वह बाइक पर चले। चाय की दुकान पर गिर जाने के कारण आसपास के लोगों ने उन्हें हापुड़ के चिकित्सालय में भर्ती कराया।
बृहस्पतिवार को शाम पौने सात बजे सिंघावली अहीर थाने से एसआई सुखबीर सिंह यादव मेरठ में धोखाधड़ी के केस की विवेचना के लिए बाइक पर सवार होकर चले थे। इसके बाद रात करीब दस बजे उन्हें हापुड़-मोदीनगर मार्ग पर गोली लगने की सूचना मिली।
पुलिस सूत्रों ने बताया मोदीनगर मार्ग पर अज्ञात हमलावरों ने उन्हें गोली मार दी। गोली उनके पेट में लगी। गोली लगने के बावजूद कुछ दूर तक वह बाइक पर चलते रहे। इस बीच एक चाय की दुकान के निकट वह बाइक समेत गिर गए। यहां आसपास के लोग एकत्र हो गए।
हापुड़ पुलिस को मामले की जानकारी दी गई। पुलिस ने उन्हें जिला चिकित्सालय भर्ती कराया, जहां उनकी मौत हो गई। मेरठ में विवेचना के लिए पहुंचे एसआई हापुड-मोदीनगर मार्ग पर कैसे पहुंचे और उन्हें गोली किसने मारी इसकी विवेचना पुलिस ने शुरू कर दी है। उधर, सिंघावली अहीर थाने से एसओ हापुड़ के लिए रवाना हो गए हैँ। वह मूल रूप से बुलंदशहर के रहने वाले थे।
मेरठ में केस की तफ्तीश के लिए निकले थे
बागपत। हापुड़-मोदीनगर मार्ग पर मरने वाले एसआई सुखबीर सिंह यादव सिंघावली अहीर थाने से शाम करीब पौने सात बजे मेरठ किसी केस की तफ्तीश के लिए निकले थे। मूल रूप से बुलंदशहर निवासी सुखबीर की तैनाती सिंघावली अहीर थाने में 21 जून 2015 से तैनात था। उनकी हत्या की जानकारी मिलते ही सिंघावली थाने के एसओ मेरठ के लिए रवाना हो गए। यहां करीब दस बजे उन्हें गोली लगने की सूचना मिली थी।