बड़ौत। व्यापारी विनय जिंदल से दो लाख रुपये मांगने के प्रकरण में कोतवाली पुलिस ने प्रॉपर्टी डीलर, उसके पुत्र और भाई के खिलाफ जबरन वसूली और धमकी देने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली है। उधर, आरोपी प्रॉपर्टी डीलर के परिजन भी शुक्रवार को सीओ से मिले। उन्होंने बताया कि व्यापारी पर प्रॉपर्टी डीलर के लाखों रुपये उधार है। वापस मांगने पर व्यापारी के परिजनों ने प्रॉपर्टी डीलर के खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज करा दिया है। उन्होंने इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
28 मार्च को व्यापारी विनय जिंदल ने विषाक्त पदार्थ खाकर जान देने की कोशिश की थी। उनकी पत्नी अंजू जिंदल ने एक प्रॉपर्टी डीलर पर रंगदारी मांगने और पिटाई कराने का आरोप लगाया था। कहा था कि उनके पति से इसी से दहशत में आकर आत्महत्या की कोशिश की है। परिजनों ने एसपी से मिलकर न्याय की गुहार भी लगाई थी। पुलिस ने 31 मार्च की देर शाम अंजू की तहरीर पर प्रॉपर्टी डीलर संजय, उसके पुत्र रमन और भाई अजय गुप्ता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। कोतवाल मगनवीर सिंह गिल ने बताया कि तीनों के खिलाफ जबरन वसूली और धमकी देने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
उधर, शुक्रवार को आरोपी प्रॉपर्टी डीलर संजय के परिजन सारिका गुप्ता, अजय, सीमा, आसिता, पायल आदि सीओ हरीश भदौरिया से मिले। उन्होंने बताया कि दस साल से विनय और संजय दोनों एक साथ प्रॉपर्टी का काम करते थे। कोरोना संक्रमण से पहले विनय ने संजय से तीन-चार लाख रुपये उधार मांगे थे। मगर, कई बार मांगने के बाद भी विनय ने रुपये नहीं लौटाए। आरोप लगाया कि विनय ने संजय को झूठे केस में फंसाने के लिए कीटनाशक दवाई खाने का नाटक किया। इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। सीओ हरीश भदौरिया ने बताया कि एसआई संजीव को इस मामले की जांच सौंपी गई है। जांच में जो दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
अस्पताल से हुई छुट्टी, घर पहुंचा व्यापारी
व्यापारी विनय जिंदल की बृहस्पतिवार को अस्पताल से छुट्टी हो गई थी। फिलहाल व्यापारी घर पर है। परिजन उसकी देखभाल कर रहे है।