बागपत। कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में जुलाई 2013 में युवती से दुष्कर्म के मुकदमे में दोष सिद्ध होने पर न्यायालय ने सात साल के कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दो हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड जमा नहीं करने पर 15 दिन की सजा बढ़ाने के आदेश दिए हैं।
एडीजीसी सुभाष तोमर ने बताया कि जुलाई 2013 में बागपत कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें कहा था कि उसके घर में निर्माण कार्य चल रहा था। वहां गौरीपुर जवाहरनगर गांव निवासी नासिर मजदूरी करने आता था। वह उसकी बेटी को तमंचे के बल पर घर से ले गया। इसके बाद चंडीगढ़ ले जाकर उससे दुष्कर्म किया। जिससे वह गर्भवती हो गई। पुलिस ने इस मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया और कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी। इस मामले की सुनवाई एफटीसी प्रथम न्यायालय में हुई। जहां अभियोजन पक्ष ने पांच गवाह पेश किए। मंगलवार को सुनवाई पूरी होने के बाद न्यायाधीश चंचल ने दोषी नासिर को सात साल की सजा सुनाई और दो हजार रुपये अर्थदंड लगाया।