सूरजपुर महनवा गांव के पास रेलवे ट्रैक ठीक करता कर्मचारी।
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दिल्ली-सहारनपुर रेल मार्ग पर सूरजपुर महनवा गांव के मानव रहित रेलवे फाटक पर गेटमैन की सूझबूझ से हादसा टल गया। लाइन से बोल्ट निकला देखकर गेटमैन ने अफसरों को अवगत कराया । लाइन में कर्मचारी ने पहुंचकर बोल्ट लगाया, इस कारण करीब 15 मिनट ट्रेन बीच में ही लाइन पर खड़ी रही।
दिल्ली से सहारनपुर जाने वाली पैसेंजर ट्रेन (51911) दोपहर दो बजे अहेड़ा हाल्ट से रवाना हुई। सूरजपुर महनवा गांव के मानव रहित फाटक से गुजारने के लिए गेटमैन अन्नु वहां पर पहुंच गया। रेलवे लाइन के जोड़ का बोल्ट निकला मिला। यह देख उसने सूझबूझ का परिचय देकर बागपत रोड स्टेशन अधीक्षक सनी को इसकी जानकारी दी। सनी ने ट्रेन को होम सिग्नल पर ही रुकवा दिया।
स्टेशन से तुरंत मेकेनिकों की टीम को भेजा। इसके बाद लाइन ठीक की गई। करीब 15 मिनट बाद वहां से ट्रेन स्टेशन के लिए रवाना हुई। स्टेशन अधीक्षक ने कहा सूचना मिलते ही ट्रेन को रुकवाया और लाइन ठीक कराई । इसके बाद ट्रेन गुजरी। इसी कारण ट्रेन करीब 15 मिनट खड़ी रही।
बुजुर्ग ने दी जानकारी तो हरकत में आया रेलवे
बागपत। गेटमैन अनूप सिंह उर्फ अन्नु ने बताया शनिवार की दोपहर में एक बुजुर्ग ने जानकारी दी रेलवे लाइन का टुकड़ा खुला पड़ा है, वह तुरंत वहां पहुंचा, तो बात ठीक पाई गई। इसकी जानकारी स्टेशन के अफसरों को दी।
बाद में कर्मचारियों ने आकर लाइन ठीक की। इसके बाद ही ट्रेन यहां से निकाली गई। उधर इस पूरी घटना ने रेलवे प्रशासन की लापरवाही की पोल खोल दी है। यदि बुजुर्ग जानकारी न देता तो बड़ा हादसा हो जाता। ब्यूरो