परीक्षार्थियों की सूची कॉलेज पहुंचने पर उजागर हुआ मामला
यह मामला तब उजागर हुआ, जब 11 दिसंबर 2022 को परिषद की ओर से इन सभी परीक्षार्थियों की सूची कॉलेज पहुंची। सूची में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के इन 110 छात्र-छात्राओं की जानकारी में हैंडीकैप (मूक बधिर और दृष्टिहीन) दर्शाया हुआ था। इनमें हाईस्कूल के 106 छात्रों को मूक बधिर और इंटरमीडिएट के चार छात्र-छात्राओं को दृष्टिहीन दर्शाया गया है। जब इन परीक्षार्थियों और इनके अभिभावकों को इस प्रकरण की जानकारी हुई तो वे कॉलेज के चक्कर काट रहे हैं। समस्या का समाधान नहीं होने से अभिभावकों में रोष व्याप्त है। वहीं कॉलेज प्रबंधन भी जिविनि से लेकर क्षेत्रीय कार्यालय के चक्कर काट रहा है, लेकिन अभी तक समस्या का समाधान नहीं हो पाया है।
मैने गत सितंबर माह में कार्यभार ग्रहण कियाा, लेकिन यह मामला मेरे सामने गत दिसंबर को आ गया था, तभी तत्काल प्रभाव से बोर्ड कार्यालय से लेकर जिला विद्यालय निरीक्षक व क्षेत्रीय सचिव को लिखित में अवगत करा दिया गया था। यह गलती तत्कालीन प्रधानाचार्य के समय में हुई थी।
-छत्रपाल सिंह, कॉलेज प्रधानाचार्य
कॉलेज में चल रही राजनीति के तहत उन्हें फंसाया जा रहा है वर्तमान में जो प्रधानाचार्य नियुक्त है। वहीं इस मामले में जिम्मेदार हैं। क्योंकि पिछले पांच माह से वे कार्य को देख रहे है। -डॉ. देवी प्रसाद, तत्कालीन प्रधानाचार्य
इस मामले में गत दिसंबर माह में संज्ञान में आया था, जिसके बाद विद्यार्थियों के भविष्य को देखते हुए तत्काल प्रभाव से क्षेत्रीय सचिव को भी लिखा गया था। परीक्षार्थियों के प्रवेशपत्र पर सही जानकारी आएगी। उन्होंने बताया कि पंजीकरण के समय गलत एंट्री करने वाले दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। - रविन्द्र कुमार, डीआईओएस