बड़ौत। दिल्ली-सहारनपुर रेलवे मार्ग पर रविवार को एक साथ दो ट्रेनें रद्द हो जाने पर यात्रियों की मुसीबतेें बढ़ गई। यात्रियों को बसों में सफर करना पड़ा। इतना ही नहीं सीटें न मिलने पर बहुत से यात्रियों ने दोगुना किराया देकर डग्गामार वाहनों में भी सफर किया। पूरे दिन मारामारी की स्थिति बनी रही।
दरअसल दिल्ली में पहलवानों के चल रहे धरने प्रदर्शन के लिए भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत द्वारा बुलाई गई महापंचायत के बाद संगठन के नेताओं ओर किसानों को दिल्ली की ओर कूच करने से रोकने के लिए रविवार को रेलवे प्रशासन ने सहारनपुर से दिल्ली जाने वाली ट्रेन संख्या 01622 ओर शामली से दिल्ली जाने वाली ट्रेन संख्या 04466 को रद्द कर दिया। जिस कारण ट्रेनों में सफर करने वाले सैकड़ों यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गई। इस दौरान बड़ौत रेलवे स्टेशन पर खड़े यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए यहां तो दूसरी ट्रेनों का घंटों स्टेशन पर खड़ा होकर इंतजार करना पड़ा, या फिर मजबूरन उनको बसों में सफर करना पड़ा।
जिस कारण रविवार को बसों में भारी भीड़ नजर आई। आलम यह है कि बावली चुंगी ओर पुराने दिल्ली बस स्टैण्ड़ पर यात्रियों को घंटों तक बसों का इंतजार करना पड़ा। जो भी बसें आतीं, वह पहले ही पीछे से भरकर आतीं, मजबूरन यात्रियों को खिड़कियां पर भी लटक कर जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ा। कई यात्रियों ने दोगुना किराया देकर डग्गामार वाहनों में सफर किया। सबसे ज्यादा परेशानी दैनिक यात्रियों को उठानी पड़ रही है।
ये बोले यात्री
दिल्ली एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता हू, शनिवार को छुट्टी आया हुआ था। सोचा था कि रविवार को वापस दिल्ली चला जाएगा, ताकि सोमवार सुबह डयूटी ज्वाइन कर लूं, लेकिन ट्रेनों के रद्द होने के चलते पूरे दिन परेशानियों से जूझना पड़ा- सुशील
एक तो रोडवेज बसों का किराया रेल से ज्यादा है और कहीं पर भी यात्रियों को देखकर बसों को रोक लिया जाता है, ऐसे में ट्रेनों के रद्द होने से परेशानी बढ़ गई-अरूण कुमार
बड़ौत। एक साथ दो ट्रेन रद्द हो जाने पर बसाें में भारी भीड़ में खड़े होकर सफर करना पड़ा। बताया कि बसें जाम में फंस जाती है तो घंटों तक नहीं आती। बताया कि बावली चुंगी पर बस अड्डे पर इंतजार करना पड़ता है- आकाश