सचिन राणा की फाइल फोटो और विलाप करते परिजन।
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डौला गांव में बीएसएफ के सिपाही सचिन राणा का शव पहुंचा तो हर किसी की आंखों से आंसू आ गए। गमगीन माहौल में उनका अंतिम संस्कार किया गया। बेटे लक्की ने चिता को मुखाग्नि दी। वहीं पत्नी बुरी तरह बिलखतीं रहीं।
डौला गांव निवासी पूर्व सैनिक सुरेंद्र के बेटे सचिन राणा बीएसएफ में वर्ष 2012 में सिपाही पद भर्ती हुए थे, जो छत्तीसगढ़ के नारायणपुर में तैनात थे। बताया कि बुधवार शाम गोली लगने से जवान सचिन राणा की मौत हो गई। बीएसएफ मुख्यालय से अफसरों ने फोन करके परिजनों को सचिन राणा की गोली लगने से मौत होने की जानकारी दी।
शुक्रवार सुबह सचिन राणा का शव गांव लाया गया। इसके बाद सिपाही की अंतिम यात्रा निकाली गई, जिसमें हजारों ग्रामीण शामिल हुए। ग्रामीणों की आंखें भी नम हो गईं तो सिपाही के परिवार वालों को सांत्वना दी गई।
पति का शव देख बेहोश हो गई पत्नी
सचिन राणा के परिवार में पत्नी कनक और तीन बेटे हैं। शुक्रवार की सुबह पति सचिन का शव देखते ही कनक बेहोश होकर जमीन पर गिर गईं। वहां मौजूद महिलाओं ने उन्हें संभाला, लेकिन बार-बार उनकी हालत बिगड़ती रहीं। महिलाओं ने कनक के हाथों की चूड़ियां तोड़ी तो वहां सभी की आंखों से आंसू निकल गए।