बागपत। मां तो आखिर मां होती है। ममता के आगे न कोई नियम टिकता है और न ही किसी बीमारी का डर। कोविड अस्पताल खेकड़ा में भर्ती कोरोना पॉजिटिव मां को अपने छह माह के बच्चे की याद आई तो वह अस्पताल से भाग गई। अस्पताल प्रबंधन ने किसी तरह उसे तलाशा और वापस अस्पताल में भर्ती कराया। वीडियो कॉल से उसके बेेटे की सूरत दिखाई गई। परिवार और डॉक्टरों ने समझाया, तब कहीं जाकर वह संतुष्ट हुई।
फैजपुर निनाना गांव की एक महिला को सात दिन पहले खेकड़ा के कोविड अस्पताल में भर्ती कराया गया था। महिला का छह माह का बेटा है। शनिवार रात अस्पताल से पांच संक्रमित ठीक हो जाने के बाद उनकी छुट्टी कर दी गई। छुट्टी हुई अन्य महिलाओं के साथ स्टाफ और अन्य लोगों को चकमा देकर महिला भी वहां से निकल गई। महिला मरीजों की गिनती शुरू हुई तो इसका पता चला। पुलिस की मदद से तलाश शुरू हुई तो जानकारी मिली कि महिला अन्य लोगों के साथ अस्पताल से उनके वाहन में ही निकल गई थी। महिला कुछ ही दूर गई थी कि उसकी पहचान कर वापस लाया गया। कोविड अस्पताल के प्रभारी डॉ ताहिर का कहना है कि महिला अस्पताल से अधिक दूर नहीं गई थी। उसका छह माह का बेटा है। महिला का कहना था कि उसे बेटे की याद आ रही है। वीडियो कॉल के जरिए उसके परिवार से बात कराई और बेटे की सूरत दिखाई गई। इसके बाद महिला संतुष्ट होकर वार्ड में चली गई। किसी तरह का मामला पंजीकृत नहीं कराया गया है।
पॉजिटिव जमाती हो गया था चंपत
बागपत। खेकड़ा के कोविड अस्पताल से इससे पहले एक पॉजिटिव जमाती भी चंपत हो गया था। नेपाल के इस जमाती को पुलिस ने बाद में एक ईंट भट्टे से बरामद किया था।
सुरक्षा पर सवाल, महिलाओं के लिए आरक्षित है अस्पताल
बागपत। खेकड़ा कोविड अस्पताल अब सिर्फ महिलाओं के लिए आरक्षित किया गया है। यहां से पुरुष मरीजों को सर्वोदय शिफ्ट कर दिया गया है। महिला मरीज के गायब हो जाने के मामले में अब सीधे यहां की सुरक्षा पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। अस्पताल के प्रभारी डॉ ताहिर का कहना है कि पुलिस ड्यूटी करती है। महिला चकमा देकर निकली थी और अधिक सर्तकता बढ़ा दी गई है।