मंगलवार की देर रात्रि रंछाड़ गांव में एक व्यक्ति का मकान अचानक गिरने से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। परिवार के सदस्यों ने वहां से भागकर जान बचाई। ग्रामीणों ने इसकी सूचना प्रशासनिक अफसरों को दी, लेकिन कोई सुनवाई
नहीं हुई। इसे लेकर ग्रामीणों का आक्रोश भड़क उठा। बुधवार को ग्रामीणों ने मुआवजे की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों से मिली जानकारी के मुताबिक, अमरपाल शर्मा पुत्र विजयपाल रंछाड़ गांव में मंगलवार रात्रि अपने परिवार के साथ मकान के अंदर सोया था। अचानक आंख खुली तो उसे तेज आवाज सुनाई दी।
इस पर उसने परिवार के अन्य सदस्यों को नींद से उठाया। सभी मकान के बाहर भाग निकले। तभी अचानक मकान गिर गया। मकान गिरने की आवाज से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। काफी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और प्रशासनिक अफसरों को इसकी सूचना दी, लेकिन कोई मौके पर नहीं पहुंचा।
बुधवार की सुबह ग्रामीणों ने पीड़ित अमरपाल को मुआवजा दिलाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना था कि अमरपाल बहुत गरीब है। उसकी दो बेटियां भी है। मुआवजा नहीं मिला तो उसके परिवार के सामने काफी दिक्कतें आएंगी।
इस संबंध में एसडीएम दीपाली कौशिक ने जांच कर मुआवजा दिलाने की बात कही है। अमरपाल को मुआवजा दिलाने की मांग करने वालों में विनोद, रविंद्र, जितेंद्र, देशपाल, हरवेंद्र, सूरजमल, ओमवीर, पप्पू, रामनिवास, प्रेमपाल, राजेंद्र आदि शामिल रहे।