बागपत कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में शादी समारोह में विदाई के समय एक युवती ने पहुंचकर दूल्हे की पोल खोल दी। युवती ने दूल्हे को अपना प्रेमी पति बताते हुए कहा उसने (दूल्हे) उससे कोर्ट मैरिज कर रखी है। उसे धोखा देकर दूसरी शादी रचा रहा है। इसका पता चलते ही दुल्हन के परिजनों ने न केवल शादी करने से इंकार कर दिया, बल्कि दूल्हे समेत बारातियों को 18 घंटे तक बंधक बनाए रखा। बाद में पंचायत ने दूल्हे पर 10 लाख रुपये का जुर्माना ठोका। इसके बाद उन्हें बंधक मुक्त किया।
मुजफ्फरनगर के फुगाना थाना क्षेत्र के एक युवक का रिश्ता बागपत कोतवाली क्षेत्र के एक गांव की युवती के साथ तय हुआ था। सोमवार को शादी थी। बारात दुल्हन के घर में पहुंच चुकी थी। शादी की सभी रस्में पूरी हो चुकी थी। दुल्हन की विदाई की तैयारी चल रही थी। इसी दौरान वहां एक युवती पहुंची। उसने कहा भाइयों और बहनों जिस युवक (दूल्हे) के साथ युवती (दुल्हन) की शादी की गई है। वह पहले शादी कर चुका है। उसने उसके साथ काफी समय पूर्व कोर्ट मैरिज की थी। उसने उसे पत्नी के रूप में रखा। अब उसे धोखा देकर दूसरी शादी रचा रहा है। उसने शादी समारोह में लोगों को अपनी कोर्ट मैरिज के कागज और फोटो भी दिखाए।
दुल्हन के परिजनों ने दूल्हे से इस बारे में पूछा तो वह चुप्पी साध गया। इससे वहां हड़कंप मच गया। दुल्हन के परिजनों ने उसी समय दूल्हे से शादी करने से इंकार कर दूल्हे और बारातियों को बंधक बना लिया। पूरी रात उन्हें कमरे में बंद रखा । इसका पता चलते ही दूल्हे के गांव और क्षेत्र के कुछ जिम्मेदार लोग दुल्हन के घर भी पहुंचे। मंगलवार को दोपहर तक चली पंचायत में तय हुआ है शादी समारोह में खर्च हुए दस लाख रुपये दूल्हे के परिवार को देने होंगे। लोगों के आश्वासन पर उन्हें बंधक मुक्त किया।
ग्राम प्रधान ने कहा शादी रचाने पहुंचे दूल्हे ने पहले ही कोर्ट मैरिज कर रखी थी। जिस युवती से उसने कोर्ट मैरिज की थी। उसने ही दुल्हन की विदाई के समय यह पोल खोली है। इसीलिए दूल्हे से शादी करने से इंकार कर दिया। दुल्हन और दूल्हे के परिवार के बीच समझौता हो गया है। किसी प्रकार का जुर्माना नहीं ठोका गया है। कोतवाली प्रभारी रनवीर सिंह यादव ने कहा दूल्हे और दुल्हन के परिजन में आपस में मीटिंग हुई है। उनके पास कोई शिकायत नहीं आई है। इस संबंध में शिकायत आती है तो अवश्य कार्रवाई होगी।
दस लाख रुपये देकर मुक्त करायी बारात
बागपत। पंचायत ने दूल्हे पर दस लाख रुपये का जुर्माना ठोका था। तय हुआ था कि जब तक रुपये नहीं मिलेंगे तब तक बारात को बंधक मुक्त नहीं किया जाएगा। मंगलवार को देर शाम पंचायत के सामने रकम पहुंची। इसके बाद ही बारात बंधक मुक्त हुई। बता दे कि दूल्हा यूपी पुलिस में कांस्टेबल है। उसने जिस युवती से कोर्ट मैरिज कर रखी है। वह दिल्ली पुलिस में कांस्टेबल के पद पर तैनात है। दोनों अलग-अलग बिरादरी से हैं।
प्रेमिका को बनाया दिया था बंधक
बागपत। अपने प्रेमी पति की शादी का पता चलते ही सोमवार सुबह युवती दुल्हन के गांव में पहुंच गई थी। इसका पता दूल्हे के परिजनों को भी चल गया था। सूत्रों के अनुसार दूल्हे के परिजनों ने युवती को जबरदस्ती एक कार में बंद कर दिया था। ताकि वह किसी के सामने कुछ न बता पाए। इसके बाद भी वह शादी समारोह में पहुंच गई और उसने दूल्हे की करतूत उजागर कर दी।