बागपत। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने क्लेम निरस्त करने के मामले में भारतीय जीवन बीमा निगम के प्रबंधक पर चार लाख रुपये जुर्माना लगाया। साथ ही मानसिक क्षति के दस हजार और वाद व्यय के पांच हजार रुपये देने के आदेश दिए।
एडवोकेट करुण कुमार ने बताया कि खेकड़ा की मोहल्ला तलहटी पट्टी अहीरान की रहने वाली कविता उर्फ कोमल देवी ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग में परिवाद दायर कराया था। कविता उर्फ कोमल ने बताया कि उसके पति लोकेश यादव ने भारतीय जीवन बीमा निगम कंपनी की पॉलिसी कराई थी, जिसकी किस्तों का समय पर भुगतान किया गया। इस दौरान आठ नवंबर 2018 को उसके पति की गोली लगने से मौत हो गई। भारतीय जीवन बीमा निगम ने उसे मूल बीमा धनराशि का भुगतान किया जबकि दुर्घटना बीमा का लाभ नहीं दिया गया। इस प्रकरण में सुनवाई पूरी होने के बाद जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष आरपी सिंह ने भारतीय जीवन बीमा निगम बागपत शाखा के प्रबंधक पर दुर्घटना बीमा का चार लाख रुपये, मानसिक क्षति के दस हजार और वाद व्यय के पांच हजार रुपये देने के आदेश दिए।