बागपत। गन्ना बेल्ट में फलों तथा सब्जियों की खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। इसके लिए 6.38 करोड़ रुपये की योजना मंजूर हो गई हैं। इससे नए वित्त वर्ष 2025-26 में किसानों को स्ट्राॅबेरी व ड्रैगन फ्रूट आदि फलों तथा सब्जियों की खेती होगी। तब गन्ना क्षेत्रफल कम होगा और किसानों की किस्मत भी बदलेगी।
बागपत की मुख्य फसल गन्ना है, लेकिन सरकार द्वारा किसानों की आय बढ़ाने के लिए फसलों के विविधिकरण पर जोर दिया जा रहा। इसलिए शासन ने बागपत में पहली बार एकीकृत बागवानी योजना लागू की। इसके तहत उद्यान विभाग ने सब्जी एवं बागवानी को बढ़ावा देने के लिए 6.38 करोड़ रुपये की योजना मंजूर कर शासन को भेज दी।
इस योजना में ड्रैगन फ्रूट, स्ट्राॅबेरी, आम, अमरुद, केला, आंवला, अंगूर, पपीता आदि बागवानी को बढ़ावा देने का प्रावधान किया गया। सब्जियों में आलू, टमटार, फूल गोभी, पत्ता गोभी, करेला, भिंडी, बैंगन, गाजर, प्याज, लहसुन, मिर्च व मटर आदि की खेती शामिल हैं।
किसानों को अच्छी प्रजाति के बीज तथा पौध उपलब्ध कराने के साथ तकनीकी एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। इनकी खेती के लिए 50 प्रतिशत अनुदान मिलेगा। स्ट्राॅबेरी खेती पर प्रति हेक्टेयर 80 हजार तथा ड्रैगन फ्रूट की खेती पर 1.70 लाख रुपये अनुदान मिलेगा। बता दें कि वर्तमान में बागपत के कोताना, बामनौली, खेकड़ा आदि स्थानों पर केवल चार किसान ड्रैगन की खेती कर रहे हैं।