-मेरठ में परीक्षितगढ़ के खजूरी गांव में 26 सितंबर 2022 को कर दी गई थी दीपक त्यागी की हत्या
-बागपत क्राइम ब्रांच को सौंपी गई थी हत्या की जांच, तीसरी बार में आखिरी चार्जशीट भी लगाई
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। मेरठ में परीक्षितगढ़ के खजूरी गांव के दीपक त्यागी की हत्या के मामले में पुलिस ने न्यायालय में चार्जशीट दाखिल कर दी है। इसमें 11 महीने में तीन बार में 540 पन्नों की चार्जशीट तैयार की गई और आखिरी चार्जशीट मंगलवार को दाखिल हुई। जिसमें हत्या का कारण दीपक के फैमीद की बेटी से संबंध होने का शक बताया गया है।
27 सितंबर 2022 को दीपक त्यागी का धड़ खेत में मिला था। पुलिस ने गांव निवासी फैमीद को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी। फैमीद गांव में झोपड़ी बनाकर अपने परिवार के साथ रहता था जो मूलरूप से दौराला के पास सरसवा गांव का रहने वाला है। फैमीद ने कहा था कि उसकी विवाहित बेटी को दीपक त्यागी परेशान कर रहा था। इस वजह से ही उसने आसिफ के साथ मिलकर दीपक की हत्या की योजना बनाई। 26 सितंबर की रात को दीपक को बुलाकर हत्या कर दी। इस मामले में हंगामा बढ़ने और समाज की महापंचायत के एलान के बाद जांच बागपत क्राइम ब्रांच को सौंपी गई थी। जिसमें क्राइम ब्रांच ने फैमीद और आसिफ के अलावा फरमीना, इमरान, शाहबाज को गिरफ्तार किया था।
हत्याकांड में तीन बार में लगाई चार्जशीट
क्राइम ब्रांच के निरीक्षक तपेश्वर सागर ने बताया कि इस मामले में तीन बार में चार्जशीट लगाई गई। क्योंकि फैमीद और आसिफ को पहले गिरफ्तार किया गया तो उनके खिलाफ चार्जशीट लगाई गई। उसके बाद फरमीना और इमरान के खिलाफ तो अब मंगलवार को आखिरी चार्जशीट शाहबाज के खिलाफ लगाई गई है। उनके अनुसार चार्जशीट करीब 540 पेज की है। चार्जशीट में दीपक त्यागी के फैमीद की बेटी से संबंध के शक में हत्या करने की बात कही गई है।