मवीखुर्द गांव में राशन डीलर के मकान में हुई डकैती की घटना में पुलिस 36 घंटे बाद भी खाली हाथ है। पुलिस ने घटना के करीब पांच घंटे बाद ही शक के आधार पर नामजद कराए गए एक आरोपी को हिरासत में ले लिया था। पुलिस उससे अभी तक ज्यादा जानकारी हासिल नहीं कर पाई है। लोग पुलिस से जल्द केस के खुलासे की मांग कर रही है।
राशन डीलर शकील के मकान में बुधवार रात एक दर्जन सशस्त्र बदमाशों ने 1.60 लाख की नगदी और आभूषण समेत करीब आठ लाख रुपये की डकैती की घटना को अंजाम दिया था। परिजनों ने गांव के ही चार लोगों पर घटना में शामिल होने का शक जताते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने एक युवक को कुछ समय बाद ही हिरासत में ले लिया था।
लेकिन पुलिस अभी तक केस का खुलासा नहीं कर पाई है। इससे पीड़ित परिजन ही नहीं क्षेत्र के लोग काफी परेशान है। उधर पुराना कस्बा के केतीपुरा मोहल्ले में हुई डकैती का भी पुलिस ने अभी तक खुलासा नहीं किया। लोगोें ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया।
परिवार से परिचित थे बदमाश
पुराना कस्बा में हुई डकैती की घटना के पीड़ित अब्दुल हक के बेटे वकील का कहना है कि बदमाश उनके परिवार से परिचित थे। क्योंकि बदमाशों ने बता दिया था कि वे कितने भाई और बहन है। उनके बच्चों की संख्या तक उनको पता है।
घटना में करीबी कई लोगों से पूछताछ ः बालैनी। पुलिस का मानना है कि दोनों ही डकैती की घटना में करीबी लोग शामिल रहे हैं। उनका पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस पुराना कस्बा के कई लोगों को थाने पर लाकर पूछताछ कर रही है, लेकिन पुलिस को अभी कामयाबी नहीं मिली है। उधर थाने पर लाए गए युवकों की हिमायत में रात भर वहां पर लोगों का जमावड़ा लगा रहा।
राशन डीलरों ने मीटिंग कर की घटना की निंदा
अमीनगर सराय। शकील के मकान में हुई डकैती की घटना की क्षेत्र के राशन डीलरों ने मीटिंग कर निंदा की। उन्होंने जल्द खुलासे की मांग करते हुए कहा कि डकैती को चोरी में दर्ज करना गलत है। नरेंद्र बुढ़सैनी, पिंटू ढिकौली, अनिल रोशनगढ़, रविंद्र खिंदौड़ा, जॉनी फतेहपुर, अमित, नदीम शामिल रहे।