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हरिया खेड़ा गांव में किसान के घर डकैती

Sun, 20 Aug 2017 02:53 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बालैनी
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बालैनी थाने में प्रदर्शन करते हरियाखेड़ा के लोग। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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हरिया खेड़ा गांव में किसान के मकान में बदमाशों ने शुक्रवार की रात में डाका डाला। बदमाश परिजनों को बंधक बनाकर गन प्वाइंट पर मकान से नगदी, आभूषण और तीन मवेशी लूटकर ले गए थे। ग्रामीणों ने बदमाशों का भी पीछा किया। पुलिस पर बताने के बाद भी लुटेरों को न पकड़ने का आरोप लगाकर ग्रामीणों ने बालैनी थाने में हंगामा कर मार्ग पर जाम लगाने तक की कोशिश की।
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 किसान चौधरी वीरेंद्र सिंह का गांव में आबादी से अलग मकान है। वे शुक्रवार की रात में मकान के आंगन में सो रहे थे। पत्नी और बच्चे कमरे में थे। रात में करीब 12 बजे आठ-नौ बदमाश मकान में घुसे।

बदमाशों ने परिवार के सदस्यों को बंधक बनाकर कमरे में गन प्वाइंट पर ले लिया। इस दौरान बदमाशों ने लाइट की वायर काट दी । परिजनों से जानकारी करने पर मकान में रखे 10 हजार रुपये नगद, सोने और चांदी के आभूषण, तीन मवेशी लूट लिए।
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उनके बेटे नुकुल ने किसी तरह भागकर गांव में बदमाश आने का शोर मचाया। ग्रामीण उनके मकान की ओर भागे। ग्रामीणों को अपनी तरफ आता देखकर बदमाश पुरा गांव की ओर मिनी ट्रक में सवार होकर चले गए। 

ग्रामीणों ने उनका काफी पीछा किया। उन्होंने कहा सूचना देने के बाद भी पुलिस ने बदमाशों को नहीं पकड़ा।  इसके विरोध में शनिवार की सुबह ग्रामीण काफी संख्या में इकट्ठा होकर थाने पहुंच गए।

वहां उन्होंने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। उन्होंने बागपत-मेरठ मार्ग पर जाम लगाने का प्रयास किया। इसी दौरान पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने उनको समझा-बुझाकर शांत किया। थाना प्रभारी राजपाल  सिंह ने कहा बदमाशों को जल्द ही गिरफ्तार कर केस का खुलासा कर दिया जाएगा। 

एसओ का मोबाइल बंद, कंट्रोल रूम में भी रिसीव नहीं हुआ फोन
पीड़ितों ने कहा वारदात की रात में ही सूचना देने के लिए फोन किया। एसओ का मोबाइल बंद मिला। उन्होंने बताया थाने और पुलिस कंट्रोल रूम का फोन रिसीव नहीं हुआ।  

पुलिस कर्मी बोले, तुम पकड़ लो, हम आते हैं अभी  
ग्रामीणों ने कहा बदमाशों का पीछा करते समय पुरा गांव के पास पुलिस की गाड़ी मिली और उनको मवेशी लेकर बदमाश भागने की जानकारी दी और उनको पकड़ने के लिए कहा तो  पुलिस वालों ने कहा तुम बदमाशों को पकड़ो, हम अभी आते हैं। यदि पुलिस उनके  साथ मिलकर बदमाशों की घेराबंदी करती तो बदमाश आसानी से पकड़े  जाते।  

लोकल के थे बदमाश, एक संदेह के घेरे में
पीड़ितों ने बताया बदमाशों की भाषा लोकल है। इससे लगता है बदमाश आसपास के ही हो सकते हैं। एक बदमाश संदेह के घेरे में है, क्योंकि उसका पीड़ितों का देखा हुआ चेहरा प्रतीत हो रहा है। आरोपी पहले भी कई लूटपाट की वारदात कर चुका है। बदमाश सिंघावली अहीर थाना क्षेत्र के एक गांव का है। पुलिस ने पीड़ितों की निशानदेही पर बदमाश की धरपकड़ शुरू कर दी है।  

नुकुल को भैंस न खोलने पर दी गोली मारने की धमकी  
बागपत। पीड़ितों के मुताबिक बदमाशों ने नुकुल को भैंस खोलने के लिए बोला, नुकुल ने भैंस के टक्कर मारने की जानकारी दी। इस बात पर बदमाशों ने कहा  जो हम कह रहे हैं वो कर, वरना गोली मार देंगे। इसी दौरान नुकुल दीवार कूदकर मकान से भागा और लोगों को बताया। 
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एक घंटे मकान में रहे बदमाश  
बागपत। बदमाशों ने किसान वीरेंद्र, उनकी पत्नी कुसुम, बेटी कागज, बेटे विकास और नुकुल को बंधक बनाया। बदमाश मकान में करीब एक घंटे तक रहे। 
 
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