क्राइम ब्रांच और खेकड़ा पुलिस ने दो शातिर लुटेरों को गिरफ्तार कर लूट की दो वारदातों का खुलासा किया। उनके कब्जे से लूट की बाइक, तमंचा और कारतूस बरामद हुए। जबकि उनके दो साथी अभी फरार है। पुलिस उन्हें पकड़ने के प्रयास कर रही है। पुलिस ने दोनों को न्यायालय में पेश किया। कोर्ट से उन्हें जेल भेजा।
एसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि बुधवार को क्राइम ब्रांच बागपत और खेकड़ा कोतवाली पुलिस ने सूचना पर बड़ागांव चैक पोस्ट के पास से राशिब पुत्र महमूद खान पुत्र नौरोजपुर गुर्जर व शाकिर पुत्र मुनफैद निवासी मोहल्ला मुस्तफाबाद लोनी जनपद गाजियाबाद को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से लूट की बाइक, 315 बोर का तमंचा, दो कारतूस, एक चाकू बरामद किए। दोनों लुटेरों से पूछताछ के बाद पुलिस ने बताया कि 17 अप्रैल को खेकड़ा थाना क्षेत्र के सैदपुर गांव में नहर पटरी से मोहम्मद इसरार पुत्र इकरार निवासी रटौल से बाइक, 14 हजार रुपये की नगदी, मोबाइल लुटी थी। पीड़ित ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। 18 अप्रैल को गाजियाबाद जनपद के थाना लोनी बार्डर क्षेत्र के जौहटी एंकलेव मेट्रो स्टेशन के पास कार सवार व्यापारी से तीन टीफिन व 40 हजार रुपये लूट लिए थे। थाना लोनी में अज्ञात में मुकदमा दर्ज हुआ । दोनों आरोपियों ने घटनाओं को अंजाम देना कबूल किया। उन्होंने अपने दो साथियों के नाम पुलिस को बताए हैं। पुलिस उनकी तलाश में लगी हुई है। लुटेरों का दूसरे जनपदों से आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है।
शौक पूरे करने के लिए करते थे लूट
बागपत। पुलिस ने बताया कि आरोपी राशिब सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता था और शाकिर मोटर मैकेनिक है। दोनों बागपत, गाजियाबाद जनपदों में लूट की वारदातों को अंजाम देते थे। लूटी गई रकम से अपने शौक पूरे करते थे। लूट की बाइकों को दो से तीन हजार रुपये में कबाड़ी को बेच देते थे। उन्होंने कई लूट की घटनाओं को अंजाम दिया है।
सात लाख की लूट का नहीं हुआ खुलासा
बागपत। छपरौली थाना क्षेत्र तुगाना बिजलीघर से 29 मार्च को विद्युत बिलों की वसूली कर छपरौली लौट रहे पीजी 2 योगेश कुमार, कंप्यूटर ऑपरेटर सद्दाम, लाइनमैन सचिन व अजीत से हेवा गांव के पास अज्ञात बदमाशों ने तमंचे के बल पर सात लाख रूपये लूट लिए थे। एसडीओ गोपाल ने चारों विद्युत कर्मियों के खिलाफ लूट का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने अभी तक लूट की घटना का खुलासा नहीं किया। एक विद्युत कर्मी पर संदेह जताया जा रहा था। पुलिस ने कई दिनों तक हिरासत में लेकर पूछताछ भी की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। पुलिस अंधेरे में तीर चला रहा है। एएसपी रण विजय सिंह ने बताया कि खुलासे के लिए पुलिस टीम लगी हुई है।