बागपत। कोतवाली क्षेत्र से दो माह से अपहृत युवती को पुलिस ने बरामद कर आरोपी युवक को गिरफ्तार किया । मामला दो समुदाय का होने से तनाव है। पुलिस सुरक्षा के बीच युवती का जिला अस्पताल में मेडिकल प्रशिक्षण कराया। पुलिस इस मामले में तीन आरोपियों को पहले ही जेल भेज चुकी है। युवती ने कहा उसका अपहरण नहीं हुआ, वह अपनी मर्जी से गई और उसने युवक के साथ दिल्ली में कोर्ट मैरिज भी कर ली । पुलिस ने इस मामले में आरोपी युवक को न्यायालय में पेश कर जेल भेजा।
कोतवाली क्षेत्र से 22 दिसंबर 2017 को एक युवती अचानक लापता हो गई । 24 दिसंबर को युवती पिता ने कोतवाली पर एक विशेष समुदाय के चार लोगों को नामजद कराकर अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया । इसको लेकर हिंदू संगठन के लोगों ने भी हंगामा किया। शनिवार सुबह कोतवाली प्रभारी दिनेश कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने अहेड़ा रोड से आरोपी शोएब और युवती को हिरासत में ले लिया। युवती 95 हजार रुपये की नगदी लेकर घर से उसके साथ गई । रुपये खत्म होने के बाद शोएब ने युवती का मोबाइल दिल्ली में बेच दिया । मोबाइल लोकेशन के आधार पर पुलिस ने इनका पता लगाया और जब दिल्ली में छापा मारा तो ये दोनों वहां से भाग गए। पुलिस ने युवती का मेडिकल प्रशिक्षण कराया।
घर से निकली थी नाबालिग, बालिग होकर लौटी
बागपत। जिस दिन युवती गायब हुई थी, तब वह नाबालिग थी। एक जनवरी को वह बालिग हुई है। पुलिस ने कहा युवती के मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज कराए जाएंगे। पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर जेल भेजा।
फेस बुक से परवान चढ़ी मोहब्बत
बागपत। युवती का कहना है कि उसका अपहरण नहीं हुआ । वह तो अपनी मर्जी से प्रेमी के साथ गई । दो वर्ष पहले फेस बुक के माध्यम से शोएब से उसकी दोस्ती हुई और धीरे-धीरे प्यार में बदल गई। हम दोनों ने दिल्ली में कोर्ट मैरिज भी कर ली है। वह अपने प्रेमी के साथ ही रहना चाहती है।