बड़ौत (बागपत)।
बड़ौत क्षेत्र से 11 दिन से लापता दो युवतियां सोमवार की देर शाम कोतवाल पहुंची और कहा कि हम दोनों दोस्त हैं और एक साथ रहना चाहती हैं। अपने घर नहीं जाएंगी। यह देखकर लोग हैरान हो गए। कहीं यह मामला समलैंगिक का तो नहीं है। पुलिस ने मंगलवार को दोनों को बागपत में न्यायालय में पेश किया तो वहां भी उन्होंने कहा कि हम साथ रहना चाहती हैं, हम घर नहीं जाएगी। फिलहाल पुलिस ने उन्हें पिता को सौंपा और बुधवार को उन्हें कोतवाली बुलाया है।
मनीषा निवासी बड़का (उम्र 19 वर्ष) जो इंटर की छात्रा है। उसके पिता रमेश ने 10 मई को कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह व उसकी साथी पुत्री सहदेव कांशीराम कॉलोनी बड़ौत की रहने वाली है। वे लापता हो गई । उनकी तलाश की गई लेकिन वे कहीं नहीं मिली। दोनों ही कक्षा 12 की छात्रा हैं। सोमवार की देर शाम दोनों ही कोतवाली बड़ौत आ धमकी और कहा कि हम दोनों दोस्त हैं और अपनी मर्जी से गई थी और हमने एक साथ रहने की कसम खाई है। हम अपने परिजनों के साथ नहीं रहना चाहती हैं। युवतियों की बात पर वहां मौजूद लोग दंग रह गए और लोगों का कहना था कि कहीं यह समलैंगिक का मामला तो नहीं है। मंगलवार को उनके बागपत न्यायालय में बयान कराए तो उन्होंने फिर वहीं बात दोहराई। पुलिस ने फिलहाल उन्हें मंगलवार की देर शाम उनके पिता को सौंप दिया है। इस संबंध में इस मामले की जांच कर रहे दरोगा कंछित सिंह ने बताया कि दोनों को बुधवार की सुबह कोतवाली बुलाया है और जो उनकी इच्छा होगी उन्हें भेज दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि दोनों युवतियां यह भी कह रही थी, हम दोस्त है समलैंगिक का कोई मामला नहीं है। इस संबंध में कोतवाली प्रभारी आरके सिंह का कहना है कि इसके पीछे समलैंगिक का मामला लग रहा है, लेकिन दोनों मना कर रही है।