जिला पंचायत के वार्ड एक के उप चुनाव में 39 प्रतिशत मतदान हुआ। 15 गांव के लोगों ने मतदान किया। तवेला गढ़ी गांव का मजरा सरोरा में विकास कार्य न होने से नाराज ग्रामीणों ने उप चुनाव का बहिष्कार कर दिया। प्रशासनिक अधिकारियों ने ग्रामीणों को मनाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण नहीं मानें।
जिला पंचायत वार्ड नंबर एक के 15 गांवों में शनिवार को उप चुनाव संपन्न हुआ। सुबह के समय चुनाव में तेजी नजर आई थी, लेकिन दोपहर में उत्साह कम होता चला गया। तीन बजे से 32 प्रतिशत ही मतदान हुआ।
चुनाव समाप्त होने तक 39 प्रतिशत तक वोटिंग हुआ। रिटर्निंग ऑफिसर मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजपाल सिंह ने बताया आठ सेक्टरों के गांव गोपुरा में सबसे ज्यादा 71 प्रतिशत चुनाव हुआ। सबसे कम निरपुड़ा में 28 प्रतिशत रहा।
इस दौरान गांव गैड़बरा में 57, भड़ल में 43, गुलसम में 35, तमेला गढ़ी में 35, गढ़ी कांगरान में 42, पलड़ा में 35 और मिलाना में 39 प्रतिशत चुनाव हुआ है। पुलिस सुरक्षा के बीच बैलेट बॉक्स को स्ट्रांग रूम में रखवाया है। वहां पुलिस की तैनाती रहेगी। तीन जुलाई को पुलिस सुरक्षा में ही मतगणना होगी।
सरोरा में कुल पांच वोट डाले गए
तवेला गढ़ी गांव के मजरा सरोरा के ग्रामीणों ने उप चुनाव का बहिष्कार कर दिया। लोगों ने कहा हिंडन नदी के किनारे बसे उनके गांव में कोई विकास कार्य नहीं हुआ। समस्याओं का अंबार है। गन्ने की फसल बर्बाद हो गई थी, इसका मुआवजा भी नहीं मिला। चुनाव बहिष्कार की सूचना पर प्रशासनिक अधिकारियों में हड़कंप मच गया।
एसडीएम बड़ौत दर्शन सिंह टीम के साथ गांव पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, किसी ने एक नहीं सुनी। ग्रामीणों ने पंचायत भी की। सुनीता ने कहा चुनाव वोट याद रहती है। ग्राम प्रधान राजीव कुमार मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से वोट डालने की अपील की। ग्रामीणों ने उन्हें भी वोट डालने से इंकार कर दिया।
पंचायत की अध्यक्षता ब्रजपाल और संचालन भानू प्रताप ने किया। इसमें राजपाल सिंह, सतपाल, रोहताश, कंवर पाल, मांगेराम, मिंटू, चंद्रपाल सिंह, मुकेश, राजे, कूडे़, प्रदीप, जगपाल, सूरज, चंद किरण, फेरू, हरेंद्र, धीरज, अंकुर, गजेंद्र, सुभाष, बिजेंद्र, टेकचंद, सीताराम, भीम सिंह आदि रहे। उधर पीठासीन अधिकारी भोपाल सिंह ने बताया मतदान समाप्त होने तक सरोरा गांव में कुल पांच वोट पड़े है।