बागपत। पूर्व सैनिकों के अनशन से जिला प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है। तबीयत खराब होने के बाद भी पूर्व सैनिक अनशन पर डटे हुए है। डीएम ने उन्हें पुरानी सरकारी भवनों को दिखाया। साफ शब्दों में कहा कि जो भी कार्रवाई होगी लिखित में होगी। मौखिक किसी भी भवन को नहीं लेंगे।
कलक्ट्रेट परिसर में चल रहा पूर्व सैनिकों के आमरण अनशन को पांच दिन हो गए हैं। जैसे-जैसे अनशन के दिन बढ़ते जा रहे हैं, वैसे ही जिला प्रशासन में बेचैनी बढ़ने लगी हैं। डीएम हृदय शंकर तिवारी ने उन्हें कचहरी के विभिन्न भवनों को दिखाया। पूर्व सैनिकों ने डीएम को साफ शब्दों में कहा उन्हें किसी भी भवन का आवंटन करा दिया जाए, लेकिन जो भी प्रक्रिया होगी वह सब लिखित में होंगी। मौखिक वह किसी भी भवन को नहीं लेंगे। इसके लिए चाहे उन्हें अनशन स्थल पर अपने प्राणों की आहुति ही क्यों ना देनी पड़े। बसपा विधायक लोकेश दीक्षित भी अनशन स्थल पर जमे हुए है।
उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि जिला प्रशासन उन्हें पहले तो भवन का आवंटन करा देंगे, लेकिन बाद में खाली कराने का जोर दिया जाएगा। लिखित में ही सभी प्रक्रिया होगी। धरने के बीच पहुंचे अखिल उत्तर प्रदेश जाट महासभा के अध्यक्ष मेजर जनरल एसएस अहलावत ने कहा कि पूर्व सैनिक अपने हक की लड़ाई लड़ रहे है, सभी को इनका सहयोग करना चाहिए। सैनिक कल्याण बोर्ड के अधिकारी ने पहुंचकर बताया कि अनशन के कारण भवन की तलाश युद्ध स्तर पर चल रही है। जैसे-जैसे अनशन के दिन बढ़ रहे हैं वैसे ही प्रयास तेज किए जा रहे हैं। चरण सिंह खोखर, कमल सिंह, सूबे सिंह ढाका, महेंद्र सिंह, सुभाषचंद, पीतम सिंह, हरपाल सिंह, महक सिंह, विजयपाल सिंह, सतपाल सिंह, राजपाल सिंह, धर्मपाल सिंह मौजूद रहे।
बिगड़ रही अनशनकारियों की हालत
अनशन के दौरान अध्यक्ष शीशपाल सिंह, रामपाल सिंह, तेज सिंह, देशपाल सिंह, सूबे सिंह, सतवीर सिंह, धर्म सिंह, ब्रजपाल सिंह की हालत बिगड़ती जा रही है। जिला अस्पताल के चिकित्सक उपचार कर रहे हैं। शुक्रवार को भी चिकित्सकों की टीम ने पहुंचकर इलाज किया।
रात में अनशन स्थल पर पहुंचे एसडीएम, चेकअप कराया
बागपत। कलक्ट्रेट में आमरन अनशन पर बैठे पूर्व सैनिकों की स्वास्थ्य की जांच के लिए रात में एसडीएम बागपत मनोज कुमार सिंह चिकित्सकों की टीम के साथ पहुंचे। उनका रूटीन का चेकअप कराया। डॉक्टरों की जांच में पूर्व सेनिकों का बीपी बढ़ा हुआ मिला। जिन्हें दवाईयां दी गई। एसडीएम ने सभी पूर्व सेनिकों का स्वास्थ्य के बारे में पूछा। डॉक्टरों को सही से उपचार करने के निर्देश दिए। -----------
सुरेंद्र कुमार