बागपत के बिनौली में दामाद समेत एक ही परिवार के चार लोगों की मौत के बाद बरनावा गांव के गम में डूब गए। हादसे की जिसे भी जानकारी मिली वह पीड़ित परिवार को सांत्वना देने उनके घर पहुंचा। महिलाओं का रुदन देख हर व्यक्ति के आंख में आंसू आ गए।
रविवार की रात हुए हादसे में मोहल्ला खादर के रहने वाले पशु व्यापारी इकबाल समेत उसके परिवार के चार लोगों की मौत से हर कोई गमजदा है। बरनावा के अलावा अन्य गांव के सैकड़ों लोग पहले मौके पर पहुंचे और फिर बरनावा आ गए। पुलिस शवों को पोस्टमार्टम के लिए ले जाना चाहती थी, लेकिन पीड़ित परिवार ने इंकार कर दिया। रविवार की रात में करीब दस बजे मुजफ्फरनगर के तावली से भी सैकड़ों लोग बरनावा पहुंच गए। पूरे गांव में गम का माहौल है।
वाजिद के शव को ले गए
मुजफ्फरनगर के तावली के लोग भी बरनावा पहुंचे और हादसे में मारे गए वाजिद के शव को बगैर पुलिस कार्रवाई के ले गए। पुलिस ने यहां पंचनामा भरने की कार्रवाई जरूर की।
कैसे हुआ हादसा, इस पर कयास
कार पेड़ से टकराई मिली, इसमें चार लोगों की मौत हो गई। दाहा से बरनावा जाने वाले रास्ते पर किस तरह हादसा हुआ, इसकी जानकारी स्पष्ट तौर पर किसी को नहीं है। कुछ लोगों का कहना था कि सामने से आने वाले वाहन को बचाने के चक्कर में हादसा हुआ।