राज्य कर्मचारी घोषित किए जाने की मांग करते हुए आशाओं ने जिला अस्पताल में जुलूस निकाला। सीएमओ का छह सूत्रीय ज्ञापन सौंपते हुए घेराव किया। जल्द मांग पूरी न होने पर रोड जाम और सीएम का पुतला दहन करने की चेतावनी दी।
आशा कार्यकर्ता वेलफेयर एसोसिएशन के बैनर तले शुक्रवार को आशाओं ने कलक्ट्रेट से जिला अस्पताल तक मांगों को लेकर जुलूस निकाला। उन्होंने बताया कि जननी सुरक्षा योजना के तहत केंद्र और राज्य सरकार के अधीन मानते हुए उन्हें राज्य कर्मचारी घोषित किया जाए। रिक्त पदों पर जल्द पदोन्नति, सभी मदों में धन आवंटित कराकर भुगतान, प्रत्येक चिकित्सालय पर विश्राम कक्ष, जनपद में कार्यालय घोषित करने की मांग।
आश्रितों को सेवायोजित करते हुए उत्पीड़न रोका जाए, एनआरएचएम में जननी सुरक्षा योजना में बढ़ रहे भ्रष्टाचार पर रोक लगाई जाए। आशाओं ने चेतावनी दी की जब तक मांग पूरी नहीं होने पर कार्य बहिष्कार रहेगा। यहां तक सड़कों पर उतरकर रोड जाम और प्रदेश के मुख्यमंत्री का पुतला दहन कराया जाएगा।
दूसरी ओर स्वास्थ्य विभाग में तैनात डॉक्टर और अन्य कर्मचारियों के साथ आशाओं ने धरना प्रदर्शन किया। सुनीता, रीना शर्मा, बबीता, बीना, मीना त्यागी, शकुंतला, संजीता, बिमलेश, सुनीता, स्नेह मौजूद रही।
उधर, नौ सूत्रीय मांगों को लेकर जिले के छह ब्लॉकों की आशा कार्यकर्ता ने कार्य बहिष्कार करते हुए सभी सीएचसी और पीएचसी पर धरना-प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष रीना शर्मा ने बताया कि सभी ब्लॉकों पर आशाओं का आंदोलन चला हुआ है, जो मांग पूरी होने तक जारी रहेगा। डोला में भी धरना प्रदर्शन किया गया।