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Baghpat News: यमुना की बाढ़ के बाद पशु मुंहपका-खुरपका से ग्रस्त

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गांव बलहेड़ा में अपने पशुओं की देखभाल करता पशुपालक इस्लाम हसन । संवाद - फोटो : mathura
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संवाद न्यूज एजेंसी
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शामली/बिडौली। यमुना की बाढ़ से तबाही झेलने के बाद अब यमुना किनारे बसे गांवों में मुंहपका-खुरपका रोग ने पशुधन को अपनी चपेट में लेना शुरू कर दिया है। वहीं, गन्ने की फसल भी बीमारी से प्रभावित होने लगी है। इस नई मुसीबत से किसान और ग्रामीण दोहरी मार झेल रहे हैं।
हाल ही में आई बाढ़ से शीतलगढ़ी, फतेहपुर, ख्वाजपुर चौतरा, कलरी, ओदर, बलहेड़ा, युसुफपुर समेत 12 से अधिक गांवों की फसलें बर्बाद हो गईं थीं। अब उन्हीं गांवों में पशुओं में मुंहपका-खुरपका रोग फैल रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि कई घरों में लगभग सभी पशु प्रभावित हो चुके हैं। गाय, भैंस दूध देना बंद कर चुके हैं। सैकड़ों से अधिक पशु गांवों में बीमार हैं।
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ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बीमारी की जानकारी कई बार पशुपालन विभाग को दी गई, लेकिन अभी तक कोई टीम गांवों में नहीं पहुंची। न दवाइयां उपलब्ध कराई गईं और न ही कोई शिविर लगाया गया। किसानों ने जिला प्रशासन और पशुपालन विभाग से तत्काल प्रभावी कदम उठाने और गांव-गांव शिविर लगाकर इलाज कराने की मांग की है।
n ग्रामीणों की पीड़ा : यूसुफपुर चौतरा के चौधरी गय्यूर अली ने कहा कि बरसात से पहले टीकाकरण किया गया था, लेकिन अब फिर से बीमारी का प्रकोप बढ़ गया है। सरकार को समय से पहले कदम उठाना चाहिए।
ख्वाज पुर गांव के प्रधान नासिर अली ने कहा कि क्षेत्र के लोग बाढ़ से अब तक उबरे नहीं थे कि अब पशुओं की बीमारी ने नई परेशानी खड़ी कर दी है। प्रशासन को जल्द से जल्द इलाज शुरू कराना चाहिए।
n चिकित्सकों की राय : पशु चिकित्सक डॉ. संजय कुमार ने बताया कि यह बीमारी पहले हरियाणा में फैली थी। यमुना किनारे बसे दोनों ओर के ग्रामीण अपने पशुओं को नदी किनारे चराने ले जाते हैं। इसी वजह से हवा और संपर्क से यह बीमारी शामली क्षेत्र में भी फैल गई।
n गन्ने की फसल में रोग : मंगलौरा गांव में गन्ने की फसल पर भी रोग का प्रकोप बढ़ रहा है। किसानों ने बताया कि पौधों की पत्तियां लाल हो रही हैं और गोभ (तने के अंदर) में कीड़े पनप रहे हैं। इससे गन्ने की बढ़वार रुक गई है और फसल सूखने लगी है।
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किसान कविंद्र ने कहा कि यमुना कटान से आधी फसल पहले ही खत्म हो गई थी, अब बची हुई ईख भी बीमारी से बर्बाद हो रही है। रविंद्र ने बताया कि गन्ने की पत्तियां लाल हो रहीं हैं और गोभ में कीड़े पनप रहे हैं। मेनपाल ने कहा कि अब परिवार की रोजी-रोटी पर संकट मंडरा रहा है।
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