- पहले जीजा, बहन और अब भांजे को उतारा मौत के घाट
मुकेश पंवार
बड़ौत। आखिकार मलकपुर गांव का अमन भी झूठी शान के भेंट चढ़ गया। उसके ही मामा ने अमन को मारने के लिए 18 साल तक लंबा इंतजार किया और जैसे ही उसे मौका मिला, उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर अपने ही भांजे को मौत के घाट उतार दिया। क्योंकि आरोपी अमित के सिर पर झूठी शान का बोझ था। वर्ष 2004 में मृतक अमन का पिता निरमेश परिवार की मर्जी के खिलाफ अमित की बहन को अपने साथ मलकपुर ले आया था और दोनों ने शादी कर दी थी, तभी से अमित के सिर पर खून सवार था।
हत्यारोपी अमित व मृतक अमन का पिता निरमेश काफी अच्छे दोस्त थे। दोनों का एक-दूसरे के घर पर आना-जाना था। इस दौरान निरमेश को अमित की बहन से प्रेम हो गया था और अमित की बहन भी निरमेश को पंसद करने लगी थी। इस बात का जब अमित को पता चला, तो उसने निरमेश के साथ मारपीट की और दोस्ती तोड़ दी थी। जिसके बाद निरमेश अमित की बहन को परिवार की मर्जी के खिलाफ मलकपुर गांव ले आया था और उसके साथ शादी रचा ली थी। शादी के बाद बेटा अमन पैदा हुआ। घर में खुशी का माहौल था, लेकिन अमित के सिर पर खून सवार था, उसने पहले निरमेश का अपहरण किया और बड़ौत में आवास विकास कालोनी में लाकर उसकी हत्या कर दी थी।
उसके कुछ दिनों बाद अमित ने अपनी बहन को भी गायब कर दिया था, जिसका आज तक पता नहीं चल सका। तब अमन मात्र दो साल का था। उसके बाद भी अमित के सिर पर झूठी शान का बोझ था और वह अमन की भी हत्या करना चाहता था, लेकिन उसे मौका नहीं मिला। इस दौरान अमित ने कई ओर आपराधिक घटनाएं की, जिसमें वह कई बार जेल भी गया।
जमानत पर बाहर आने के बाद अमन पर रखता था नजर
विभिन्न मामलों में सजा काट रहा अमित जब भी कोर्ट से जमानत लेकर बाहर आता, वह अमन पर नजर रखा, लेकिन उसे कभी मारने का मौका नहीं मिला। आखिकार 18 साल लंबे इंतजार के बाद अमित को मौका मिला और उसने अपने दोस्तों के साथ अमन को मौत के घाट उतार दिया। क्योंकि अमन को भी पिता व मां की हत्या का कारण पता चल गया था और अमन भी मामा की जान का दुश्मन बन गया था। अमन अमित को मारता, इससे पहले ही अमित ने योजना बनाकर अमन को मौत के घाट उतार दिया।
नहीं मिला अमन का शव, तलाश जारी
बड़ौत। अमन की हत्या कर शव को यमुना नदीं में फेंक दिया गया था। पुलिस ने गोताखोरों की मदद से यमुना में अमन के शव की तलाश की, लेकिन वह उन्हें नहीं मिला।
वर्जन-
अमित को अपने भांजे से खतरा पैदा हो गया था। अमन मामा के खिलाफ कुछ करता, इससे पहले ही अमित ने अपने भांजे की हत्या की साजिश रच दी और कई ऐसे युवकों काे शामिल किया, जो उसके भी दोस्त थे और अमन के भी। योजना के तहत अमित ने अमन की हत्या कर दी। फिलहाल अमित ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया-सविरत्न गौतम सीओ बड़ौत।