- बाढ़ राहत नियंत्रण को लेकर जिले की 11 बाढ़ चौकियों पर जारी किया अलर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। पहाड़ों पर बारिश के चलते हथिनीकुंड बैराज से यमुना नदी में बृहस्पतिवार को कई बार में 74 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया। जिसको लेकर जिले की 11 बाढ़ चौकियों पर अलर्ट जारी कर दिया गया। हथनीकुंड बैराज से छोड़ा गया पानी शुक्रवार दोपहर बागपत जिले में पहुंचेगा।
पहाड़ों पर बार-बार हो रही बारिश के बाद हथनीकुंड बैराज से यमुना नदी में पानी छोड़ा जाने लगा है। जिसमें शुक्रवार को पांच बार में 74 हजार 526 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। हालांकि कम पानी छोड़ा जाने से खतरे की बात से अधिकारी इंकार कर रहे है। फिर भी जिले में यमुना नदी किनारे पर बनाई गई 11 बाढ़ चौकियों को अलर्ट जारी कर दिया गया है। जहां से बाढ़ राहत नियंत्रण की टीमें यमुना नदी के जलस्तर पर नजर रखेगी।
यमुना नदी किनारे बसे है 18 गांव
जिले में यमुना नदी किनारे 18 गांव बसे हुए है। जिसको लेकर टांडा, कोताना, ककौरकलां, जागोस, सिसाना, नैथला, खेड़ा इस्लामपुर, सुल्तानपुर हटाना, बदरखा, पाली, काठा, सुभानपुर समेत अन्य गांव शामिल है। यमुना नदी में बारिश बढ़ने पर बाढ़ राहत नियंत्रण की टीमें इन गांवों में जाकर लोगों को सावधानी बरतने की सलाह देगी।
इस तरह छोड़ा गया पानी
हथनीकुंड बैराज से यमुना नदी में सुबह आठ बजे 17827 क्यूसेक, नौ बजे 17827 क्यूसेक, दोपहर 12 बजे 15877 क्यूसेक, शाम चार बजे 12473 क्यूसेक, शाम छह बजे 10522 क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
वर्जन-हथनीकुंड बैराज से यमुना नदी में पानी छोड़ा जा रहा है। हालांकि अभी खतरे वाली कोई बात नहीं है। दो लाख क्यूसेक पानी एक साथ छोड़ा जाने पर किनारों तक पानी पहुंचेगा। अभी तो सिर्फ 74 हजार क्यूसेक पानी पांच बार में छोड़ा गया है। उत्कर्ष भारद्वाज, नोडल अधिकारी बाढ़ राहत नियंत्रण।