बड़ौत (बागपत)।
तहसील में चल रहा धरना और क्रमिक अनशन के बीच हत्यारोपियों की गिरफ्तारी न होने पर मृतक की बहन ने 15 मई को आत्महत्या करने की चेतावनी दी है। वहीं मृतक के भाई ने भी यदि हत्यारोपी गिरफ्तार नहीं हुए तो धर्म परिवर्तन करने की चेतावनी दी। वहीं हत्यारोपियों की गिरफ्तारी को लेकर क्रमिक अनशन व धरना जारी रहा। अनशनकारियों के स्वास्थ्य में गिरावट को देखकर सीएचसी के चिकित्सकों ने उनका डाक्टरी परीक्षण किया।
बावली रोड पर स्थित हेवल्स शोरूम पर कर्मचारी विक्रम की 30 अप्रैल की रात में गोली मारकर हत्या की। शोरूम मालिक व उसके बेटे के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कराया, लेकिन आज तक भी पुलिस उन्हें गिरफ्तार नहीं कर पाई है। सोमवार को पांचवें दिन भी राम रहीम सेवा दल के तत्वावधान में धरना जारी रहा व तीसरे दिन क्रमिक अनशन भी जारी रहा। मृतक विक्रम की मां की हालत गंभीर बनी हुई है, लेकिन प्रशासन के अधिकारी धरने पर बैठे लोगों की सुध नहीं ले रहे हैं। एसडीएम गुलशन कुमार ने मंडल अध्यक्ष सतीश तोमर से यहां तक कह दिया कि यहां धरना-प्रदर्शन करने की जरूरत नहीं है, इसे अन्य स्थान पर ले जाओ। इसको लेकर आंदोलनकारियों में आक्रोश पनप गया है। सोमवार को क्रमिक अनशन पर सतबीर, अर्जुन, अजय, कपिल, कमला देवी बैठे। उन्हें समर्थन देने में पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष शीशपाल सिंह, प्रधान राजीव तोमर, अनीस, राजू, गुलफाम, सुधीर, पुनीत मलिक, अन्नू, विरेंद्र सिंह चेयरमैन, रहीस, व्यापक तोमर, विरेंद्र कुमार शर्मा, अजय बावली, अर्जुन सिंह, रोहित मलिक, विकास कुमार, रणवीर सिंह, अभय, अरुण, जितेंद्र तोमर आदि रहे।
अनशन पर बैठे मृतक विक्रम की मां कमला देवी के स्वास्थ्य में लगातार गिरावट आ रही है। सोमवार को भी स्वास्थ्य विभाग की टीम ने उनका मेडिकल परीक्षण किया तो पानी की अत्यधिक कमी पाई गई। अन्य अनशनकारियों की भी हालत बिगड़ रही है। दूसरी तरफ मृतक विक्रम की बहन आशा देवी इतनी आक्रोशित थी कि काफी दिन बाद भी उसके भाई के हत्यारोपियों को गिरफ्तार नहीं किया। उसने कहा यदि उसके भाई के हत्यारोपी गिरफ्तार नहीं हुए तो 15 मई को वह तहसील में आत्महत्या करने को मजबूर होगी। दूसरी ओर भाई सत्यवीर भी अपने भाई की हत्या में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर इस तरह टूट गया कि उसने भी कहा कि हिंदू समाज सुरक्षित नहीं है। यदि हम मुस्लिम समाज से होते तो हमें न्याय मिल जाता, इसलिए उन्होंने एसडीएम को ज्ञापन देकर कहा यदि 15 मई तक गुनहगार जेल नहीं जाते तो वे परिवार सहित मुस्लिम धर्म अपनाकर धरने पर बैठेंगे।