बड़ौत (बागपत)। सुरत्न सागर महाराज ने कहा कि यदि व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति करनी है तो उसे मोह छोड़ना होगा। रविवार को विहर्ष सभागार में आयोजित धर्मसभा में उन्होंने कहा कि आज जीव सुखी होना चाहता है तो उसे राग-द्वेष व मोह छोड़ना होगा। मोह का क्षय हो जाना ही मोक्ष है। मोह के कारण ही दुख होता है तथा मोह की परिणति ही संसार भ्रमण का कारण है। संचालन मांगेराम जैन ने किया। सभा में सुभाष जैन, मुकेश जैन, प्रदीप जैन, वरदान जैन, मुकेश, विनोद जैन, मनोज जैन, सुनील जैन, अशोक जैन, अंकुर जैन, अनिल जैन शामिल रहे। मीडिया प्रभारी वरदान जैन ने बताया कि मुनि सुरत्न सागर महाराज की चातुर्मास मंगल कलश स्थापना सोमवार को दोपहर एक बजे विहर्ष सभागार सत्यवती जैन धर्मशाला में होगी। ब्यूरो