बड़ौत (बागपत)।
किसान अधिकार आंदोलन के सदस्यों ने किसानों की समस्याओं को लेकर तहसील मेें धरना दिया। एसडीएम के साथ वार्ता होने के बाद धरना खत्म कर दिया। वक्ताओं ने कहा कहा यदि समस्याएं हल नहीं हुई तो 21 मई को डीएम कार्यालय में पंचायत और धरना होगा।
रोहताश लुहारी की अध्यक्षता और विक्रम सिंह आर्य के संचालन मेें हुए धरने में पूर्व विधायक वीरपाल राठी ने कहा भाजपा सरकार घोषणा कुछ करती है, लेकिन धरातल पर कुछ नहीं होता। पावर और घरेलू विद्युत दरों मेें बढ़ोत्तरी से किसान परेशान है। एक तरफ गन्ने का भुगतान नहीं हो रहा है, दूसरी तरफ विद्युत निगम के अधिकारी बकाएदार किसानों के खिलाफ मुकदमे दर्ज करा रहे हैं। इसे सहन नहीं किया जाएगा। किसान अधिकार आंदोलन के संयोजक नरेंद्र राणा ने कहा कि अब किसान बिरादरी को संगठित होकर लड़ाई लड़नी होगी, नहीं तो सरकार किसान को कुचलने का काम करेगी। किसी भी हाल में किसान मीटर न लगवाए और बढ़ी दरों का बिल जमा न करें। आंदोलनकारियों की एसडीएम के साथ वार्ता हुई। वार्ता के बाद कहा यदि समस्याएं हल नहीं हुई तो 21 मई को डीएम कार्यालय में महापंचायत और धरना होगा । इसमें कृपाल सिंह, जयवीर, चौधरी यशपाल सिंह, सुखवीर सिंह गठीना, सुमेर सिंह, बलजोर सिंह शास्त्री, रामेंद्र ,ब्रजपाल ने आदि विचार व्यक्त किए।