बागपत। डौला गांव के विकास कार्यों का डीएम ने बुधवार को निरीक्षण किया। उन्होंने पौधरोपण, खेल मैदान व मनरेगा योजना में किए गए कार्यों का सत्यापन किया। डीएम ने 125 पौधे नष्ट मिलने और मनरेगा योजना की धनराशि खर्च न होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने नष्ट हुए पौधों को फिर से लगाने और मनरेगा योजना में मजदूरों को अधिक से अधिक कार्य देने के आदेश दिए।
डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह ने मनरेगा योजना के अंतर्गत ग्राम डौला में खेल के मैदान में 2022-23 में किए गए पौधरोपण का सत्यापन किया। जहां 200 पौधे में से 125 नष्ट पाए गए तो डीएम ने दोबारा गड्ढे खोदाई कराकर लगाने के निर्देश दिए। डीएम ने कहा कि शासन द्वारा तीन वर्षों के लिए 55 हजार रुपए गड्ढे खोदने व पौधों के रखरखाव के लिए दिए गए थे। जितने पौधे नष्ट हो गए हैं, उन्हें बरसात के समय दोबारा लगाया जाएगा। मनरेगा योजना में वर्ष 2023-24 का लक्ष्य 63000 रुपए खर्च करने का लक्ष्य था, मगर 43000 ही खर्च किए गए। इस पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की। डीएम ने कहा मनरेगा योजना के कार्यों में किसी भी तरह की कोई लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस दौरान उपायुक्त मनरेगा डॉ. अजीत सिंह, खंड विकास अधिकारी पिलाना अनुज मिश्रा उपस्थित रहे।