बागपत। मुख्यमंत्री समग्र ग्राम विकास योजना के तहत चयनित किए 18 गांवों में अभी तक कार्य शुरू नहीं हुआ है। प्रशासन की ओर से ब्लॉक से रिपोर्ट मांगी जा रही है। इक्का-दुक्का गांवों में विकास कार्यों के लिए कार्य योजना ग्राम्य विकास अभिकरण दफ्तर में पहुंची। सूत्रों के अनुसार रिपोर्ट भी आधी अधूरी भेजी है। मंडलायुक्त ने जिला स्तर पर कमेटी का गठन किया। डीएम को इसका अध्यक्ष मनोनीत किया है।
जिले में सैनिकों के गांव और विकास से पिछड़े गांवों में मुख्यमंत्री समग्र ग्राम विकास योजना से सूबे की सरकार विकास कार्य कराने की मुख्यमंत्री समग्र ग्राम विकास योजना संचालित की है। जिले में प्रशासन ने18 गांवों का चयन किया। इस योजना के तहत संपर्क मार्ग, विद्युतीकरण, पेयजल व्यवस्था, पेंशन और अन्य सभी योजनाओं का क्रियान्वयन होगा। सभी बीडीओ को इसकी जिम्मेदारी दी। जिला स्तर पर ही इसके लिए बजट जारी किया जाएगा। अभी तक गांवों में होने वाले विकास कार्यों के लिए कार्ययोजना नहीं दी। इक्का-दुक्का बीडीओ ने जो प्रस्ताव भेजे हैं, वह भी अधूरे हैं। इस कारण योजना परवान नहीं चढ़ रही है। चयन गांवों के लोग और जनप्रतिनिधि लगातार प्रशासन पर कार्य शुरू कराने का दबाव डाल रहे हैं, लेकिन इस पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही है।
वहीं मंडलायुक्त डॉ. प्रभात कुमार ने योजना के संचालन के लिए जिला स्तरीय कमेटी बनाई है। डीएम को अध्यक्ष और सीडीओ को सदस्य सचिव बनाया है। संबंधित चार्ज आफिसर और संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी को इसका सदस्य नामित किया जाएगा। परियोजना निदेशक एमएल पटेल ने कहा कि चयनित 18 गांवों में विकास कार्य कराएं जाएंगे। बीडीओ से कार्ययोजना पूरी मिलते ही निर्धारित कार्यक्रमों को संचालित करा दिया जाएगा।
गांवों में हर माह डीएम करेंगे बैठक
मंडलायुक्त ने डीएम को निर्देशित किया है कि गांवों में योजना के सही संचालन कराने के लिए सरकार गंभीर है। इसके लिए प्रत्येक माह डीएम बैठक करेंगे। ताकि कार्यक्रमों का संचालन और क्रियान्वयन हो सके। चयनित राजस्व गांवों का स्थलीय निरीक्षण भी प्रत्येक माह किया जाएगा।
इन गांवों का हुआ चयन
ढिकौली, हबीबपुर नंगला, सैदपुर खुर्द उर्फ नथमलपुर, अहमद शाहपुर पदड़ा, कर्म अलीपुर गढ़ी, सूरजपुर महनवा, भागोट, सुन्हैडा, डगरपुर, घिटौरा, सिरसली, आजमपुर मुलसम, मौजिजाबाद नांगल, रहतना, बोढ़ा, बदरखा, छछररपुर, शबगा है।
गांवों में होंगे विकास कार्य
संपर्क मार्ग निर्माण, विद्युतीकरण, आंतरिक पक्की गलिया, नालियां का निर्माण, स्वच्छ भारत मिशन, स्वच्छ पेयजल, आवास हीन को आवास, प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों की स्थापना, आंगनबाड़ी केंद्र, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, विधवाओं को पेंशन, वृद्धा, किसान पेंशन, कौशल विकास कार्यक्रम, दिव्यांग पेंशन, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, पौधरोपण, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन, वैकल्पिक मार्ग प्रकाश की व्यवस्था सोलर स्ट्रीट लाइट के माध्यम से, राष्ट्रीय साक्षरता मिशन, मनरेगा, तालाबों का जीर्णाद्वार, डेयरी प्रसंस्करण, आईसीडीएस, किसान क्रेडिट कार्ड, शहीद सैनिकों के ग्रामों में तोरण द्वार एवं शहीद सैनिक की मूर्ति की स्थापना आदि कार्य संचालित होंगे।