निरपुड़ा गांव के शिव मंदिर में चकबंदी अधिकारियों ने बैठक कर किसानों की समस्याएं सुनी। इस दौरान चकबंदी को लेकर दो फाड़ हुए किसानों के बीच तीखी नोंक झोंक हुई।
निरपुड़ा गांव में चकबंदी को लेकर किसान दो फाड़ हो गए हैं। एक गुट चकबंदी कराना चाहता है तो दूसरा गुट चकबंदी नहीं चाहता। मंगलवार को शिव मंदिर प्रांगण में एसओसी अजय कुमार उपाध्याय ने किसानों की समस्याएं सुनी और चकबंदी को लेकर किसानों के सुझाव लिए। इस दौरान किसानों बीच तीखी नोंक झोंक हुई। किसानों के एक गुट ने कहा कि चकबंदी में पारदर्शिता बरती जाए और गांव में बैठ कर चकबंदी कराई जाए। दूसरे गुट ने कहा कि बामनौली की तरह गांव में चकबंदी नहीं चाहते। चकबंदी से किसानों को नुकसान होगा। इसलिए चकबंदी न कराई जाए। एसओसी अजय कुमार किसानों को कुछ बताए ही वापस लौट गए। वे सिर्फ इतना कह गए है कि आगामी कार्रवाई की जानकारी किसानों को दे दी जाएगी। इस मौके पर प्रधान मुनेश देवी, पूर्व प्रधान कृष्णपाल राणा, निश्चय राणा, सूबेदार प्रताप सिंह, भंवर सिंह, तेजपाल, इकबाल, पप्पू, सतेंद्र, राजेंद्र, रामकुमार, चंद्रवीर, अजब सिंह, राममेहर, यशपाल, विक्रम, सोराज, चश्मवीर, राजकुमार, राजपाल, अनुज आदि रहे।