फूलपुर कोतवाली के भेड़िया गांव में खेत की निराई करते समय करंट लगने से युवक की मौत हो गई। जबकि बचाने के प्रयास में मां गंभीर रूप से झुलस गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। उधर, युवक की मौत से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने शव को बाजार में सड़क पर रखकर जाम लगा लिया। सूचना पर पहुंचे तहसीलदार ने उन्हें समझा-बुझा कर जाम समाप्त करवाया। ग्रामीण निजी टयूबवेल संचालक के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
भेड़िया गांव निवासी अखिलेश कुमार गौतम 30 व उसकी मां चनौता 60 शुक्रवार की सुबह धान की निराई करने अपने खेत पर गए थे। इसी दौरान अखिलेश पास स्थित निजी नलकूप के लिए गए बिजली के तार की चपेट में आकर झुलस गया। उसे बचाने के चक्कर में मां चनौता भी गंभीर रूप से झ़ुलस गई। परिजन और ग्रामीणों ने दोनाें को निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां इलाज के दौरान अखिलेश ने दम तोड़ दिया। जबकि मां चनौता जीवन-मौत से संघर्ष कर रही है।
उधर, अखिलेश की मौत के बाद परिजन व ग्रामीण शव लेकर बाजार आए और निजी नलकूंप संचालक संजीव मौर्या के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर शव सड़क पर रखकर चक्काजाम कर दिया। ग्रामीणों का कहना था कि संजीव के नलकूप को गया तार काफी नीचे है और जगह-जगह से कटा हुआ है। जिसके चलते ही यह हादसा हुआ है। एक घंटे तक चक्काजाम रहा। सूचना पर फूलपुर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को उठा कर कोतवाली ले गई।इसके बाद भी ग्रामीण जाम लगाए रहे।
तहसीलदार फूलपुर नूपुर सिंह मौके पर पहुंची और किसी तरह समझा-बुझा कर उन्हें शांत कराया। तहसीलदार ने कोतवाली में तहरीर देने और 15 दिनों के अंदर पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद दिलाने का आश्वासन दिया। अखिलेश एक पुत्र व एक पुत्री का पिता था। वहीं पत्नी गर्भवती है। पत्नी पुष्पा ने निजी नलकूप संचालक के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी।