आजमगढ़। जीवित्पुत्रिका पर्व की पूर्व संध्या पर रविवार को बाजारों में खासी चहल-पहल रही। महिलाओं ने पूजन-अर्चन के आदि सामानों की खरीदारी की।
बता दें कि जीवित्पुत्रिका का पर्व सोमवार को जिले में मनाया जाएगा। पर्व के दिन महिलाएं सुबह मछलियों का दर्शन कर दान देती हैं और पूरे दिन निराजल व्रत रहती हैं। शाम होते ही नदियों, तालाबों और घाटों पर पूजन-अर्चन करती हैं। इस क्रम में रविवार को ग्रामीण इलाकों में पर्व की तैयारियों को लेकर बाजारों में चहल-पहल रही। लेकिन नगर क्षेत्र में रविवार की बंदी के चलते ज्यादातर दूकानें बंद रहीं। लेकिन चौक क्षेत्र में ठेले पर फल सहित पूजन की सामग्री की दूकानें सजी रहीं। शाम होते ही महिलाओं ने बाजारों में पहुंच पर्व के लिए खरीदारी की।
मालटारी संवाददाता के अनुसार सगड़ी तहसील के गड़ेरीपट्टी, जमीन मुहम्मदपुर, पट्टी और कठैचा हरिजन बस्ती सहित दर्जनों गांव में महिलाएं छोटी सिधरी मछली खाकर व्रत रहती हैं। वहीं कुछ महिलाएं सरपुतिया खाकर व्रत रहती हैं। यदि किसी कारणवश महिला व्रत नहीं रह पाती है तो उनके पति व्रत रहते हैं। पर्व को लेकर क्षेत्र में जीयनपुर बाजार, मालटारी, अजमतगढ़ आदि बाजारों में महिलाओं की भारी भीड़ रही।
वहीं सब्जी विक्रेता सरपुतिया का मनमाना दाम वसूल रहे थे। निजामाबाद संवाददाता के अनुसार जीवित पुत्रिका पर्व की पूर्व संध्या पर सोमवार को कस्बे में काफी चहल-पहल देखने को मिली। महिलाओं ने पूजन-अर्चन के आदि सामानों की खरीदारी की।