रानी की सराय में गिराय गये अतिक्रमण के मलवे से अपने सामानों को निकालते लोग।
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रानी की सराय। सड़क चौड़ीकरण के लिए पीडब्ल्यूडी की जमीनों पर हुए निर्माण को हटाकर प्रशासन तो चलता बना लेकिन कस्बे के लोगों की पूरी रात जागते हुए बीती। तार टूटने से कस्बे की बिजली गुल रही जिसके कारण लोग पूरी रात अंधेरे में रहे। सुबह उठे तो घर के सामने मलबे को हटाना शुरू किया।
ऐतिहासिक रानी की सराय कस्बे में लोगों ने सड़क से सटकार पीडब्ल्यूडी की जमीन में मकान का निर्माण करा रखा था। जिसके कारण कस्बे के बीच से होकर गुजरने वाला मार्ग काफी संकरा हो गया था। काफी दिनों से निर्माणों को हटाने का प्रयास किया जा रहा था लेकिन लोगों के विरोध के चलते इसे हटाया नहीं जा सका था। रविवार को प्रशासन पुलिस व पीएसी के जवानों के साथ कस्बे में पहुंचा और उसने सड़क के चौड़ीकरण में बाधक बन रहे निर्माणों को धराशाई कर दिया। प्रशासन इस कार्रवाई को अंजाम देकर चलता बना लेकिन कस्बे के लोगों की मुसीबत बढ़ गई। मकानों को तोड़े जाने से उनका पूरा घर खुल गया। जिसके कारण लोगों को रात जागकर बितानी पड़ी। अतिक्रमण हटाने के दौरान कस्बे में बिजली का तार टूट गया जिसके कारण पूरी रात बिजली भी नहीं आई। इस दौरान सबसे ज्यादा परेशानी बच्चों को उठानी पड़ी। एक तो बिजली नहीं दूसरे मच्छरों के प्रकोप के कारण किसी तरह से उनकी रात बीती। सुबह हुई तो भारी मन से लोग उठे और घर के सामने पड़े मलबे को हटाना शुरू कर दिया। ताकि वह उनके आने जाने का रास्ता बन सके। तोड़फोड की जद में काशी गोमती बैंक की शाखा भी आई। बैंक शाखा का अगला हिस्सा भी इसमें टूट गया। बिजली व जनरेटर न चलने से बैंक का कार्य बाधित रहा।