आजमगढ़। लोकतंत्र के उत्सव में भाग लेने के लिए सोमवार की सुबह बूथों पर मतदाताओं का हुजूम उमड़ पड़ा। हर बूथ पर मतदाताओं की लंबी कतार लग गई। बूथों पर बनाए गए गोलों का कोई मतलब ही नहीं रह गया था। लोगों की भीड़ को देखते हुए सुरक्षा कर्मी भी खुद को लाचार महसूस कर रहे थे। कोरोना के डर को दरकिनार कर लोगों ने मतदान में जमकर भागीदारी की। जिसका परिणाम रहा कि मतदान का प्रतिशत पिछले वर्ष से भी अधिक हो गया। पिछले साल मतदान का प्रतिशत 62.01 प्रतिशत जो इस बार बढ़कर 63 प्रतिशत हो गया।
गांव की सरकार बनाने के लिए सोमवार की सुबह सात बजे गांवों में बनाए गए बूथों पर मतदान का कार्य कड़ी सुरक्षा के बीच शुरू हुआ। मतदान शुरू होते ही बूथों पर मतदाताओं की लंबी कतार लग गई। लोग लाइन में लगकर अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। धूप और गर्मी की परवाह किए बगैर लोग लाइन में लगे। युवा हों या बुजुर्ग हर कोई मतदान करने को आतुर दिखा। कई बूथों पर मतपत्र गलत पहुंचने के कारण काफी देर तक मतदान बाधित रहा। ऐसी जगहों पर काफी देर बाद मतदान शुरू हो सका।
छिटपुट घटनाओं को छोड़ दिया जाए तो जनपद में लोकतंत्र का उत्सव शांतिपूर्ण ढ़ंग से संपन्न हो गया। कई जगहों पर फजी वोटिंग की शिकायत पर दो पक्ष आमने सामने हो गए। जिन्हें पुलिस ने लाठियां भांजकर हटाया। वहीं कहीं जगहों पर लोगों में मारपीट भी हो गई। जिसमें कई लोग घायल भी हो गए। लालगंज विकास खंड के सरूपहा में फर्जी वोटिंग की शिकायत मिलने पर एक पक्ष के लोगों ने मतपेटी में पानी डाल दिया। जिसके कारण दो बूथों के चुनाव को रद्द कर दिया गया है। अब यहां पर पुर्नमतदान कराया जाएगा। पूरे दिन मतदान का प्रतिशत में कभी तेजी तो कभी कमी देखने को मिली। सबसे अच्छा मतदान 11 बजे से एक बजे के बीच हुआ। शाम छह बजे मतदान की समाप्ति के बाद भी कई बूथों पर मतदाता मतदान करने के लिए लगे हुए थे। जिसका परिणाम रहा कि इन बूथों पर देर शाम तक मतदान होता रहा। मतदान की समाप्ति के बाद मतदान का प्रतिशत 63 प्रतिशत तक पहुंच गया। जो पिछले साल की तुलना में .54 प्रतिशत अधिक रहा। 2015 में हुए पंचायत चुनाव में 64.01 प्रतिशत मतदान हुआ था।
डीएम और एसपी लेते रहे मतदान का जायजा
आजमगढ़। मतदान को सकुशल संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद नजर आया। सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेट मतदान का जायजा लेते रहे। वहीं डीएम राजेश कुमार और एसपी सुधीर कुमार सिंह भी चक्रमण कर हालात का जायजा लेते रहे। जहां से कोई शिकायत मिली वहां पर फोर्स भेजने के साथ ही खुद भी मौके पर पहुंचे।
फर्जी वोटिंग की सूचना पर पहुंचती रही फोर्स
आजमगढ़। मतदान के दौरान कई जगहों पर झड़प हुई। इस दौरान जगह-जगह से लोगों द्वारा फर्जी वोटिंग आदि की शिकायत मिलती रही। इस शिकायत पर पुलिस की गाड़ियां मौके पर पहुंचती रही। अगर कहीं भीड़ दिखी तो पुलिस ने लाठियां भांज कर लोगों को खदेड़ा। पंचायत चुनाव में लोगों में मतदान को लेकर जबरदस्त जोश दिखा। इस दौरान लोगों ने अपने तो वोट डाला ही साथ ही घर के जो सदस्य आने जाने लाचार थे। या घर में कोई बुजुर्ग था उसे गोद में या चारपाई पर सुलाकर बूथों तक ले जाकर मतदान कराया।
मतदान खत्म कर स्ट्रांग रूमों की ओर रवाना हुई पोलिंग पार्टियां
आजमगढ़। जनपद में मतदान का कार्य अपने निर्धारित समय शाम छह बजे समाप्त हो गया। लेकिन जनपद में कई बूथ ऐसे रहे जहां छह बजे के बाद भी मतदाताओं की लंबी लाइन लगी रही। जिसके कारण मतदान कर्मियों को उनका मतदान कराना पड़ा। जिसके कारण लगभग साढ़े सात बजे मतदान का कार्य पूरा हो सका। इसके बाद पोलिंग पार्टियां विकास खंड स्तर पर तैयार किए गए स्ट्रांग रूमों की ओर मतपेटियों के साथ रवाना हो गई।