निकाय चुनाव का बिगुल बज चुका है, फिलहाल आरक्षण की अधिसूचना जारी हुई है। जल्द ही चुनावों की तारीख तय होने का भी अनुमान है। इस बार चार लाख 58 हजार 627 शहरी मतदाता अपनी अपनी पालिका और पंचायत में सरकार चुनेंगे। वहीं चुनाव में देरी के बीच 4217 मतदाता बढ़ गए हैं। पिछले साल दिसंबर के महीने में चुनाव की कवायद चल रही थी लेकिन पिछड़ा वर्ग के आरक्षण को लेकर मामला कोर्ट चला गया। अब पिछड़ा वर्ग की गणना के बाद शासन ने नए सिरे से आरक्षण की अधिसूचना जारी की है। उधर चुनाव टले तो निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूची का पुनरीक्षण अभियान चालू कर दिया था। जिसके बाद जिले में करीब चार हजार 217 मतदाता बढ़ गए हैं। चुनाव टलने से पहले कुल 456001 मतदाता थे। जिसमें 239747 पुरुष व 216254 महिला मतदाता शामिल थे। संक्षिप्त पुनरीक्षण के बाद यह संख्या बढ़कर 458634 मतदाता हो गए। जिसमें 240977 पुरुष व 217657 महिला मतदाता शमिल रही।