आजमगढ़ डाक बंगले के सामने बुधवार को अपर तहसीलदार ओपी त्रिपाठी स्वयं लाठी भांजते हुए अतिक्रमण हटाने पहुंच गए। मड़ई और गुमटी गिरानी शुरू कर दी। इस पर स्थानीय लोगों ने एतराज जताया। दुकानदारों और अपर तहसीलदार के बीच काफी देर तक नोकझोंक हुई। आक्रोशित भीड़ ने अपर तहसीलदार को दौड़ा लिया तो वे डाक बंगला परिसर स्थित अपने आवास में घुस गए और अंदर से लॉक कर लिया। इस बीच किसी ने पुलिस को सूचना दे दी। फूलपुर कोतवाली पुलिस और तहसीलदार नवीन कुमार के मौके पर पहुंचने पर मामला शांत हुआ।
फूलपुर तहसील परिसर में अपर तहसीलदार का आवास न रहने के चलते वे काफी दिनों से डाक बंगले में रह रहे हैं। डाक बंगला के गेट के पश्चिम की ओर कई लोगों ने मड़ई, गुमटी लगा रखी है। यह अतिक्रमण अपर तहसीलदार को रास नहीं आ रहा था। बुधवार को वह 10 बजे ड्यूटी जाते समय वक्त खुद लाठी लेकर अतिक्रमण हटाने पहुंच गए। मड़ई और गुमटी गिराने लगे।
इस पर अपर तहसीलदार और लोगों में नोकझोंक होने लगी। लाठी भांजते में कई लोगों की बाइक के शीशे टूट गए। इस पर लोगों ने अपर तहसीलदार को दौड़ा दिया। भागते हुए वे डाक बंगले में घुस गए और अंदर से लॉक कर लिया जबकि लोग बाहर हंगामा करते रहे।
मौके पर पहुंची पुलिस और तहसीलदार नवीन कुमार ने लोगों को शांत कराया। तहसीलदार नवीन कुमार ने बताया कि अपर तहसीलदार मानसिक रूप से बीमार हैं। उनका इलाज भी चल रहा है। उन्हें इलाज के लिए लखनऊ भेजा जा रहा है। किसी का कुछ नुकसान नहीं हुआ है। उधर प्रकरण में अपर तहसीलदार से बात करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने अपना मोबाइल स्विच ऑफ कर लिया।