- 24 घंटे में अधिकतम तापमान 24 से बढ़कर 25 डिग्री, न्यूनतम तापमान 5 से बढ़कर 8.8 डिग्री सेल्सियस पहुंचा
- 23 और 24 जनवरी को पश्चिमी विक्षोभ के कारण हल्की बारिश की संभावना
संवाद न्यूज एजेंसी
आजमगढ़। पश्चिमी विक्षोभ से जिले में मौसम लगातार बदल रहा है। 24 घंटे में तापमान 4.8 डिग्री सेल्सियस बढ़ने से गलन से राहत मिली है। अधिकतम तापमान 24 से बढ़कर 25 डिग्री और न्यूनतम तापमान 5 से बढ़कर 8.8 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया।
मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि एक बार फिर बादल छाएंगे। 23-24 जनवरी को हल्की बारिश की भी संभावना है। बीते कुछ दिनों से तापमान में हो रही बढ़ोतरी से लोगों को कड़ाके की ठंड और गलन से कुछ राहत मिली है। तापमान में बढ़ोतरी का असर सुबह-शाम की ठंड पर देखने को मिल रहा है।
सोमवार की सुबह जिले में हल्का कोहरा रहा, इससे कुछ समय के लिए दृश्यता प्रभावित हुई। हालांकि सूरज निकलते ही कोहरा छंट गया और दिन चढ़ने के हल्की धूप निकल आई। रह-रहकर बादल भी दिखे। धूप निकलने से सड़कों, खेतों और खुले स्थानों में हल्की गर्माहट महसूस की गई, इससे लोग भारी और गरम कपड़ों को उतार कर धूप सेंकते नजर आए। बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर भी चहल-पहल बढ़ी रही। मौसम विशेषज्ञों ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर पड़ने और दूसरे के सक्रिय होने से तापमान में बढ़ोतरी हो रही है। वहीं रात के तापमान में भी धीरे-धीरे इजाफा दर्ज किया जा रहा है। हालांकि, सुबह और देर रात अब भी हल्की ठंड बनी हुई है।
राज्य मौसम प्रभारी अतुल कुमार सिंह ने बताया कि आने वाले दिनों में पूर्वांचल के कुछ हिस्सों में तेज हवा के साथ हल्की बारिश की संभावना है। यदि बारिश होती है तो तापमान में फिर हल्का उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल तापमान में आई बढ़ोतरी से आमजन को ठंड की गलन से राहत मिली है। मौसम अपेक्षाकृत सुहाना बना हुआ है।
बढ़ा तापमान दलहनी-तिलहनी के अनुकूल
वर्तमान मौसम सरसों और चने की फसलों के लिए अनुकूल है। धूप निकलने से फसलों की बढ़वार में मदद मिल रही है। वहीं मुख्य फसल गेहूं के लिए बढ़ा तापमान नुकसानदायक हो सकता है। जानकारों ने बताया कि खेतों से नमी खत्म होगी और फसल भी प्रभावित होगी।
पिछैती सरसों पर लग सकते हैं माहो कीट
पश्चिमी विक्षोभ से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश की संभावना है। 23 और 24 जनवरी को पूर्वांचल में सक्रिय होने की संभावना है। यदि जिले में बादल रहे तो पिछैती सरसों पर माहो कीट के लगने की आशंका है। इससे किसानों को सतर्क रहना होगा।