निजामाबाद। आजमगढ़ महोत्सव 2019 के क्रम में शनिवार को जीवन दायिनी तमसा के सानिध्य में निजामाबाद महोत्सव का रंगारंग आगाज हुआ। मंडलायुक्त कनक त्रिपाठी की मौजूदगी में शहीदों के परिजनों ने फीता काटकर महोत्सव का शुभारंभ किया। इसके बाद बच्चों द्वारा सजाई गई आकर्षक झांकियों और गतका पार्टी के हैरतअंगेज करतबों ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। शुभारंभ के बाद अधिकारी पैदल ही परिषद विद्यालय परिसर में स्थित महोत्सव स्थल पर पहुंचे।
पूरे रास्ते को मनमोहक ढ़ंग से सजाया गया था। शादियों में लगने वाली लाइटों के साथ ही विद्युत पोलों को झालरों से सजाया गया था। उद्घाटन के बाद आगे-आगे अधिकारी और उनके पीछे सभी विद्यालयों की मनोहर झांकियां चल रही थी। जगह.जगह सरकारी और प्राइवेट विद्यालय के नन्हे.मुन्ने बच्चों द्वारा छात्र.छात्राओं द्वारा मनोहर झांकियां प्रस्तुत की गई थी। पुरानी तहसील चौक पर आगरा से आई गतका पार्टी के कलाकारों ने हैरतअंगेज करतबों से अधिकारियों का स्वागत किया। जहां मंडलायुक्त और डीएम ने निजामाबाद पर बनी डाक्यूमेंट्री फिल्म को देखा और उसकी तारीफ की। फिल्म बनाने वाले कमलेश और जीशान और उनकी टीम को बधाई दी। इसके बाद छात्र-छात्राओं द्वारा गणेश वंदना की प्रस्तुति की गई। फिर ऐतिहासिक गुरद्वारा चरण पादुका साहिब के ग्रंथि बाबा सतनाम सिंह द्वारा गुरु के ताल आगरा से आए सिख कलाकारों द्वारा मंच पर जोरदार शस्त्र कला प्रदर्शन किया गया। इसके बाद निजामाबाद तहसील क्षेत्र के तीन गांव के शहीद परिवारों के माता पिता और शहीदों की पत्नियों को मंच पर शाल देकर उनका सम्मान किया। डीएम ने कहा कि आज के परिवेश में हम अपने क्षेत्र की लोक कला को और संस्कृति को भूलते जा रहे हैं। हमें चाहिए कि किसी भी सूरत में हम अपने क्षेत्र की अपने देश की संस्कृति को ना भूलें। क्योंकि बदलते परिवेश और भागदौड़ भी जिंदगी में इस तरह के आयोजन से क्षेत्र में जो हमारी संस्कृति पहले से विराजमान हैं वह बनी रहे। मंडलायुक्त ने कहा कि हमारे क्षेत्र में क्या है नई पीढ़ी नहीं जानती। वह तो अपनी संस्कृति से मुंह मोड़ रही है जबकि ऐसा नहीं होना चाहिए। दोनों अधिकारियों ने वहां लगे स्टालों का निरीक्षण किया।
इनके लगे थे स्टाल
निजामाबाद। कार्यक्रम स्थल पर लोगों को विभिन्न योजनाओं आदि के बारे में जानकारी देने के लिए स्टाल लगाए गए थे। जिसमें कृषि प्रदर्शनी, बाल विकास विभाग, पंचायती राज विभाग, एसके ट्रेडर्स, नाथ पाटरी उद्योग, ब्लैक पाटरी एवं टेराकोटा उद्योग, दिवस अचार एवं मुरब्बा, ग्राम विकास विभाग, बनारसी साड़ी, सूट, दुपट्टा, आदि के स्टाल लगे थे। इसके साथ विभिन्न विद्यालयों के बच्चों द्वारा विज्ञान प्रदर्शनी भी लगाई गई थी।
खेल मैदान में नहीं हुआ था पानी का छिड़काव
निजामाबाद। पूर्व माध्यमिक विद्यालय से होकर मंडलायुक्त और डीएम सीधे बाइपास तिराह पर खेल मैदान में पहुंचे। जहां मां बुद्घा नेशनल महाविद्यालय के साथ जनता इंटर कालेज जयपुर, मिल्लत कालेज और मां शीतला उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के सौजन्य से खेल प्रतियोगिता आयोजित की गई थी। लेकिन पानी का छिड़काव न होने होने के कारण मैदान में धूल उड़ रही थी। जिसे देख डीएम ने अधिकारियों को फटकार लगाई।
सुरक्षा की दृष्टि से किया गया था रूट डायवर्जन
निजामाबाद। महोत्सव के आयोजन को लेकर पूरे दिन निजामाबाद कस्बे में रूट डायवर्जन रहा। छोटे वाहनों को तो बाजार से होकर गुजरने दिया गया। लेकिन बड़े वाहन जो मंदुरी से फरिहा होते हुए गंतव्य को जा रहे थे। उन्हें तमसा नदी के पहले से आजमगढ़ मार्ग पर भेजा जा रहा था। वहीं निजामागाद तहसील के कुछ आगे फरिहा से मंदुरी की ओर जाने वाले वाहनों को रानी की सराय के रास्ते भेजा जा रहा था। दोनों जगह पर पुलिस की व्यापक व्यवस्था थी।
दुल्हन क ी तरह सजाया गया है कस्बा
निजामाबाद। महोत्सव को आकर्षक बनाने के लिए एसडीएम प्रियंका प्रियदर्शिनी ने कोई कोर कसर नहीं छोड़ी है। निजामाबाद के मुख्य मार्ग पर तमसा नदी पुल से लेकर तहसील तक शादियों में लगने वाली लाइटों को सड़कों के किनारे लगाया गया है। विद्युत पोल को विद्युत की रंग बिरंगी झालरों से सजाया गया है। यहां तक कि एसडीएम की अपील पर लोगों ने अपने घरों को भी विद्युत झालरों से सजा रखा है।
निजामाबाद महोत्सव में कला का के प्रदर्शन करते कलाकार।- फोटो : AZAMGARH
निजामाबाद महोत्सव में छात्रों द्वारा बनाये गये माडल का अवलोकन करती मंडलायुक्त कनक त्रिपाठी और ड- फोटो : AZAMGARH