उप्र महिला शिक्षक संघ आजमगढ़ की जिलाध्यक्ष शिखा मौर्य के नेतृत्व में शिक्षक व शिक्षिकाओं का प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को कलेक्ट्रेट पहुंचा। इस दौरान प्रतिनिधि द्वारा वीडियो कॉलिंग से निरीक्षण किए जाने के विभागीय आदेश को निरस्त किये जाने के संबंध में राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा।
जिलाध्यक्ष शिखा मौर्य ने कहा कि शिक्षक, शिक्षिकाओं को विभाग द्वारा कोई मोबाइल या टैबलेट नहीं उपलब्ध कराया गया है। इतने पर भी शिक्षक स्वयं के मोबाइल और डेटा से डीबीटी, यू डायस, छात्र प्रोफ़ाइल, परिवार सर्वेक्षण जैसे तमाम विभागीय कार्य कर रहे हैं। महिला शिक्षिकाओं से वीडियो कालिंग के जरिए निरीक्षण का वीडियो वायरल होने से महिला शिक्षिकाओं की निजता का हनन व ऐसे वीडियो का दुरुपयोग होने की भी पूरी संभावना है। वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रतिभा श्रीवास्तव ने कहा कि विभाग द्वारा शिक्षक व शिक्षिकाओं के वीडियो कॉल द्वारा निरीक्षण का आदेश दिया गया है, जो कि अध्यापक की गरिमा के विरुद्ध है। इस मौके पर संरक्षक सरोज यादव, उपाध्यक्ष विदुषी अस्थाना आदि मौजूद रहीं।