आजमगढ़। शिक्षा प्रणाली में सुधार लाने के लिए केंद्र से लेकर राज्य की सरकारें एड़ी चोटी का जोर लगा रही हैैं। इसके बावजूद सरकारी स्कूलों की स्थिति दयनीय बनी है। जिले में कई स्कूल ऐसे हैं जो जर्जर अवस्था में होने के बाद भी संचालित हो रहे हैं। ऐसे में बच्चे जान जोखिम में डालकर पढ़ाई कर रहे हैं। माध्यमिक शिक्षा विभाग द्वारा जिले में कुल 764 विद्यालय संचालित हो रहे हैं। जिसमें 97 वित्त पोषित, 23 राजकीय व 644 वित्त विहीन विद्यालय शामिल है। शासन के आदेश पर उक्त विद्यालयों का सर्वे कर चिह्नित करने का आदेश जारी किया है। जिसके निर्देशन में जिलाधिकारी राजेश कुमार की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई गई है। जिसमें एसडीएम, तहसीलदार, प्रिंसिपल व पीडब्ल्यूडी के अभियंता शामिल हैं। कमेटी द्वारा माध्यमिक के जर्जर भवनों को चिह्नित कर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी। जिला विद्यालय निरीक्षक डा. वीके शर्मा ने एक आदेश जारी कर प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए थे कि वह जर्जर भवनों में पढ़ाई न कराएं। बावजूद कई विद्यालय ऐसे हैं जिनमें कक्षाएं चल रही हैं। जबकि जीयनपुर थाना क्षेत्र के विक्रम इंटर कालेज मोहम्मदपुर में तीन दिन पूर्व विद्यालय का जर्जर भवन भरभराकर गिर पड़ा। संयोग ठीक रहा कि आसपास कोई व्यक्ति नहीं था। अन्यथा बड़ी दुर्घटना हो सकती थी।