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प्रवक्ता भर्ती परीक्षा 2026: कॉन्सेप्ट आधारित प्रश्नों ने बढ़ाई चुनौती, रटने वाले परीक्षार्थियों को हुआ नुकसान

Mon, 15 Jun 2026 02:32 PM IST
वाराणसी ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।

सार

जिले में 14 परीक्षा केंद्रों पर शांतिपूर्ण एवं कड़ी सुरक्षा के बीच जीआईसी प्रवक्ता भर्ती परीक्षा संपन्न हुई। इस दौरान कॉन्सेप्ट आधारित प्रश्नों ने अभ्यर्थियों की चुनौती बढ़ा दी। 
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परीक्षा देकर निकलते अभ्यर्थी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की जीआईसी प्रवक्ता भर्ती परीक्षा रविवार को जिले के 14 परीक्षा केंद्रों पर शांतिपूर्ण एवं कड़ी सुरक्षा के बीच संपन्न हो गई। परीक्षा समाप्त होने के बाद केंद्रों से बाहर निकले परीक्षार्थियों की प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। अधिकांश अभ्यर्थियों ने पेपर को संतुलित बताया, हालांकि सामान्य अध्ययन के कुछ प्रश्नों को ट्रिकी और सोच आधारित बताया गया। 
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जिले में 6239 अभ्यर्थियों के लिए परीक्षा आयोजित की गई थी। परीक्षा एक पाली में सुबह 9.30 बजे से 11.30 बजे तक चली। परीक्षा समाप्त होने के बाद केंद्रों के बाहर अभ्यर्थियों की भीड़ नजर आई। कई अभ्यर्थी प्रश्नपत्र और संभावित उत्तरों पर चर्चा करते दिखाई दिए। अभ्यर्थियों की प्रतिक्रिया के अनुसार, सामान्य अध्ययन और विषय आधारित प्रश्न संतुलित रहे। कुछ प्रश्नों ने सोचने पर मजबूर किया, जिससे पेपर थोड़ा चुनौतीपूर्ण लगा। हालांकि, ज्यादातर अभ्यर्थियों ने प्रश्नपत्र को मध्यम स्तर का बताया। 

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परीक्षार्थियों का कहना था कि इस बार पेपर में कॉन्सेप्ट आधारित प्रश्नों की संख्या अधिक रही। इससे रटने की बजाय समझ रखने वाले अभ्यर्थियों को लाभ मिलने की संभावना है। कुल मिलाकर परीक्षा शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई और पेपर को अभ्यर्थियों ने संतुलित माना।
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अभ्यर्थी बोले

पेपर नेट स्तर का नहीं था, लेकिन इसमें कॉन्सेप्ट आधारित प्रश्न ज्यादा थे। आसान सवालों के बीच कुछ प्रश्न काफी ट्विस्ट वाले थे, जिससे यह स्पष्ट है कि इस बार मुकाबला कड़ा रहेगा और एक-दो नंबर भी मेरिट में बड़ा फर्क डाल सकते हैं। -पूनम पांडेय, जौनपुर 

इस परीक्षा में वही अभ्यर्थी सफल होंगे जिन्होंने पूरे साल नियमित अध्ययन किया है। विषय आधारित प्रश्नों ने गहराई से समझ की परीक्षा ली, जिससे परीक्षा के बाद राहत का अनुभव हुआ। -ममता यादव, गाजीपुर 

पेपर का स्तर मध्यम रहा और अधिकांश प्रश्न सिलेबस पर आधारित थे। सामान्य अध्ययन के कुछ प्रश्न कठिन जरूर थे, लेकिन विषय आधारित प्रश्न अपेक्षाकृत आसान रहे। -महिमा सिंह, मिर्जापुर 

पेपर न तो बहुत आसान था और न ही कठिन। कुछ विश्लेषणात्मक प्रश्नों ने जरूर सोचने पर मजबूर किया, लेकिन विषय से जुड़े प्रश्न सरल रहे। नियमित तैयारी करने वाले अभ्यर्थियों के लिए परीक्षा अपेक्षाकृत अच्छी रही। -आनंद सिंह, वाराणसी 
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