आजमगढ़। राज्य विश्वविद्यालय के लिए मोहब्बतपुर में चिह्नित भूमि के लो-लैंड होने से दूसरे स्थान को चिह्नित करने की प्रक्रिया शुरू होते ही इसका विरोध शुरू हो गया। विवि के लिए आंदोलन चलाने वाली विवि अभियान संस्था के बैनर तले जहां विभिन्न संगठनों ने प्रदर्शन कर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। वहीं, भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने भी जिलाधिकारी से मुलाकात कर विवि के लिए दूसरी भूमि चिह्नित करने का विरोध जताया। एक स्वर में मोहब्बतपुर में ही विवि बनाने की मांग की गई।
आजमगढ़। राज्य विवि के लिए दूसरी जमीन चिह्नित करने की प्रक्रिया शुरू होते ही विश्वविद्यालय अभियान एक बार पुन: उग्र हो गया है। विश्वविद्यालय के लिए मुख्यालय से 45 किमी दूर अतरौलिया में भूमि देखने और उसका प्रस्ताव भेजने के विरोध में शिक्षक, छात्र और महिलाओं ने डीएम कार्यालय पंहुचकर प्रदर्शन और नारेबाजी की। साथ ही ज्ञापन भी सौंपा।
विश्वविद्यालय अभियान के संयोजक और एसोसिएट प्रोफेसर डा. सुजीत भूषण ने कहा कि लोकसभा चुनाव के पूर्व मार्च सूबे के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने जनपदवासियों को राज्य विश्वविद्यालय की घोषणा की थी। अगस्त 2019 में मोहब्बतपुर के जमीन चिह्नित की गई। अतिरिक्त भूमि को 20 करोड़ मुआवजा देकर खरीदा जा चुका है। शिक्षक संघ के अध्यक्ष डा.प्रवेश कुमार सिंह ने कहा कि कार्यदायी संस्था मिट्टी पाटने के लिए 50 करोड़ मांग रही है। इसमें शासन ने कटौती की है। इसी को लेकर ठनी है। जिलाधिकारी भी विश्वविद्यालय को मुख्यालय से 45 किमी दूर अंबेडकरनगर की सीमा पर ले जाने का प्रस्ताव दे रहे हैं। अनीता द्विवेदी ने कहा कि लोक निर्माण विभाग और जिला प्रशासन द्वारा इस प्रोजेक्ट के साथ खिलवाड़ और शासकीय धन का दुरुपयोग किया जा रहा है। इसे जनपदवासी कभी बर्दाश्त नहीं करेंगे। डा.ईश्वर चन्द्र त्रिपाठी, राकेश गांधी, अमित कुमार सिंह, सरोज गिरी, शिवबोधन उपाध्याय, पूनम सिंह, अनामिका सिंह पालीवाल, बृजेश कुमार दुबे, मनिंदर सिंह, डीएनसिंह, सत्यजीत श्रीवास्तव, ऋषभ राय, रणविजय सिंह, सतीश सिंह, संतोष पाण्डेय, शैलेन्द्र कुमार, मार्तण्ड प्रताप सिंह, आलोक कुमार सिंह आदि रहे।
पूर्व चयनित स्थान पर ही बने विवि
आजमगढ़। भाजपा जिलाध्यक्ष सदर ध्रुव सिंह के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी से मिला। आजमगढ़ में बनने वाले विश्वविद्यालय को पूर्व चयनित स्थान पर ही बनवाने के संबंध में ज्ञापन दिया। प्रतिनिधिमंडल में क्षेत्रीय महामंत्री सहजानंद राय, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष अरविन्द जायसवाल, पूर्व जिलाध्यक्ष प्रेम प्रकाश राय और हरेंद्र सिंह, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य अखिलेश मिश्रा गुड्डू, श्रीकृष्ण पाल, लक्ष्मण मौर्य, जिला महामंत्री पवन सिंह मुन्ना, विनोद उपाध्याय, नागेन्द्र पटेल, नन्हकूराम सरोज, सूरज श्रीवास्तव, सचिदानंद सिंह सम्मिलित रहे। जिलाध्यक्ष ध्रुव सिंह ने बताया कि सूचना मिली की विश्वविद्यालय के लिए कहीं और जमीन की तलाश की जा रही है, जोकि मुख्यालय से काफी दूर है। इसको संज्ञान लेते हुए भाजपा का प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन सौंपा है। कहा कि विश्वविद्यालय के लिए पूर्व में चयनित जगह मुख्यालय के नजदीक है। वहीं पर विश्वविद्यालय बनाया जाए। जिलाधिकारी ने आश्वासन दिया की विश्वविद्यालय पूर्व चयनित जगह पर ही बनेगा।
डीएम ने दी सफाई, शहर के पास ही बनेगा
आजमगढ़। डीएम राजेश कुमार ने बताया कि प्रदेश सरकार ने जनपद में राज्य विश्वविद्यालय के स्थापना की घोषणा की है। इसके लिए मोहब्बतपुर में जमीन चिह्नांकन किया गया था। लो-लैंड में होने के कारण मिट्टी की पटाई का कार्य ज्यादा है। इसलिए विश्वविद्यालय स्थापना के लिए शहर के नजदीक किसी अन्य स्थान को चिह्नित किया जा रहा है। विश्वविद्यालय को अतरौलिया में शिफ्ट करने की बात असत्य है।